शहर की सड़कों पर अब कचरा फैला नहीं दिखाई देगा। यूपी के मुख्य सचिव ने नगर निगमों को इसके लिए सख्त हिदायत दी है। इसको लेकर अब नगर निगम अगले एक महीने तक शहर में विशेष सफाई अभियान चलाएगा। निगम का स्वास्थ्य विभाग शहर में अंडरग्राउंड डस्टबिन, पक्के डलाब घर और टूटे चुके नालों का निर्माण कराएगा।
आदेश चीफ सेक्रेटरी के हैं, लिहाजा निगम अधिकारियों ने इस योजना पर काम शुरू कर दिया। बृहस्पतिवार को नगर आयुक्त ने निगम के सभी अफसरों की बैठक लेकर जिम्मेदारी सौंपी।नगर आयुक्त अब्दुल समद, अपर नगर आयुक्त डीके सिन्हा, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डा.आरके यादव, जीएम जलकल संजय सिन्हा, सेनेट्री इंस्पेक्टर वीपी शर्मा, कविता त्यागी, जयद्रथ सिंह, पवन गुप्ता मीटिंग में शामिल रहे।
नगर आयुक्त ने कहा कि 16 अगस्त से 15 सितंबर तक चलने वाले विशेष सफाई अभियान के लिए आबादी के लिहाज से ऐसे एरिया चिह्नित किए जाएंगे जहां सफाई कर्मचारी कम है। उन्होंने बताया कि ऐसे क्षेत्रों में जरूरत पड़ी तो आउट सोर्सिंग पर सफाई कर्मचारी तैनात किए जाएंगे। आउट सोर्सिंग पर वाहन भी लिए जाएंगे। उन्होंने बताया कि नालों की टूटी बाउंड्री को बनवाया जाएगा।
सड़कों पर कूड़ा फैला दिखाई नहीं देना चाहिए। इसके लिए कवर्ड कूड़ा घर सड़कों से अलग हटकर बनाए जाएंगे। नगर आयुक्त ने प्रताप विहार कूड़ा निस्तारण प्लांट में बिजली कनेक्शन लेकर जल्द से जल्द चालू कराने के निर्देश दिए। तीन अन्य स्थानों पर भी सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट लगाए जाएंगे।
इन कालोनियों में कर्मचारियों की संख्या है कम
नंदग्राम, हिंडन विहार, पटेल नगर, विवेकानंद नगर, संजय नगर, नेहरू नगर सेकेंड, वैशाली, शालीमार गार्डन, भोपुरा, अर्थला, राजेंद्र नगर, लाजपत नगर, करहेड़ा