केंद्र और यूपी सरकार ने मिलकर गाजियाबाद के 100 फीसदी घरों को सीवर और वाटर लाइनों से जोड़ने की योजना शुरू की है। सीवर-वाटर कनेक्शन स्कीम को मंजूरी मिलने के बाद अब सरकार ने फंड जारी कर दिया है। कनेक्शन लेने के लिए लोगों को पैसा खर्च नहीं करना पड़ेगा। इस योजना पर गाजियाबाद में करीब 67 करोड़ रुपया खर्च किया जाएगा।
योजना के पीछे सरकार का मकसद है कि नई लाइनों को बिछाने के बाद उनका 100 फीसदी इस्तेमाल किया जा सके। नगर निगम और स्थानीय निवासियों की उदासीनता की वजह से करोड़ों के फंड से डाली जाने वाली सीवर और पानी की लाइनों का सही इस्तेमाल नहीं हो पाता।
गाजियाबाद में अभी भी करीब 30 फीसदी मकान सीवर-वाटर कनेक्शन से नहीं जुड़े हुए हैं। इसके चलते केंद्र सरकार ने पहली बार निशुल्क सीवर-वाटर कनेक्शन देने की योजना लागू की है।
गाजियाबाद में सीवर कनेक्शनों के लिए 35.35 करोड़, वाटर कनेक्शन के लिए 32.27 करोड़ की योजना को मंजूरी मिल चुकी है। जल निगम के अधीक्षण अभियंता केशव गुप्ता ने बताया कि शासन ने पहली किस्त के रूप में 20 फीसदी पैसा जारी कर दिया है।
नगर निगम से हाउस होल्ड की लिस्ट लेने और सरकार से पैसा मिलने के बाद कनेक्शन देने की योजना शुरू कर दी गई है। गाजियाबाद के अलावा खुर्जा, बुलंदशहर, हापुड़ और लोनी में भी सीवर-वाटर कनेक्शनों की योजना लागू की जाएगी।