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Ghaziabad News: लुटेरों ने युवती से चेन छीनी, 15 दिन तक दर्ज नहीं हुआ मुकदमा

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साहिबाबाद। शालीमार गार्डन थानाक्षेत्र में लुटेरों के हौंसले इतने बुलंद हैं। पुलिस थाने से कुछ ही दूरी पर दिन-दहाड़े एक युवती का गला दबाकर उससे चेन छीन ली। वारदात एक्सटेंशन एक स्थित रोज पार्क एफ दो निवासी आरती त्यागी के साथ हुई। जब आरती ने थाना पुलिस से शिकायत की तब पुलिस ने यह कहकर उन्हें वापस लौटा दिया कि डायल 112 पर शिकायत करने के बाद मुकदमे की क्या जरूरत है। 21 फरवरी को वारदात होने के बाद पुलिस 15 दिन तक पीड़िता को टहलाती रही। सात मार्च को जब युवती के अधिवक्ता भाई ने पैरवी की तब कहीं जाकर केस दर्ज हुआ।
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आरती त्यागी ने बताया कि 21 फरवरी की शाम करीब चार बजे वह अपने घर के बाहर खड़ी थी। उनकी गोद में पड़ोसी का बच्चा भी था। तभी बिना नंबर प्लेट की बाइक से दो युवक उनके पास पहुंचे। पहले उन्हें लगा कि कोई डिलीवरी बॉय हैं, लेकिन देखते ही देखते एक युवक नीचे उतरकर उनके पास पहुंचा। उनका गला दबाया और चेन छीन ली। इसके बाद हिम्मत इतनी कि बाइक पर वापस बैठने से पहले लुटेरे ने चेन युवती की तरफ दिखाई और दोनों तेज रफ्तार में बाइक से भाग निकले। इस पर उन्होंने तुरंत डायल 112 को फोन करके सूचना दी तब रिस्पांस टीम मौके पर पहुंची।

थाने वाले बोले मुकदमे की किया जरूरत
21 फरवरी को अपने साथ हुई लूट की वारदात की शिकायत करने जब वह शालीमार गार्डन थाने पहुंची तब वह थाना प्रभारी से नहीं मिल पाईं। उस समय वह क्षेत्र में थे। उन्होंने वहां मौजूद पुलिसकर्मियों को पूरी बात बताई। तब पुलिसकर्मियों ने यह कहकर उन्हें वापस लौटा दिया कि जब डायल 112 पर शिकायत कर दी है, तब मुकदमा दर्ज कराने की कोई जरूरत नहीं है। आरती त्यागी ने बताया कि थाने में मौजूद दरोगा ने केस दर्ज करने से इन्कार कर दिया। पुलिस के इस व्यवहार को देखकर उन्होंने अपने अधिवक्ता भाई से बातचीत की और उन्हें पूरा मामला बताया। तब उनके भाई ने गाजियाबाद के पुलिस अधिकारी से बात की और उन्हें तीसरी बार तहरीर लेकर थाने भेजा। तब कहीं जाकर उनका मुकदमा पुलिस ने दर्ज किया।
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दो दिन तक खाना नहीं खा पाईं आरती
आरती त्यागी ने बताया कि लुटेरे ने काफी जोर से उनका गला दबाया था। गले पर गहरे लाल रंग के निशान तक पड़ गए थे। वहीं दो दिन तक वह खाना तक नहीं खा पाईं। वहीं वारदात के समय उनकी गोद में पड़ोसी का बच्चा भी था। जब बाइक सवार युवक ने उनका गला दबाया तब बहुत मुश्किल से वह बच्चे को गिरने से बचा पाईं।
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वर्जन
लिखित शिकायत मिलते ही मुकदमा दर्ज कर लिया गया है, जांच की जा रही है, जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। सलोनी अग्रवाल, एसीपी शालीमार गार्डन
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