फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ghaziabad News: लबालब सड़कों और आवारा पशुओं से परेशान बिहारीपुरा के लोग

विज्ञापन
बिहारीपुरा की टूटी सड़क पर सीवर लाइन का पानी से हुए जलभराव से गुजरते वाहन। संवाद
विज्ञापन
गाजियाबाद। बिहारीपुरा के वार्ड संख्या सात में करीब तीन हजार की आबादी बदहाल सड़कों, जलभराव और आवारा पशुओं की समस्या से परेशान है। स्थानीय लोगों का कहना है कि नाला बनने के बावजूद मानसून में स्थिति पिछले वर्षों जैसी ही बनी हुई है। एक घंटे की बारिश में नाला ओवरफ्लो होकर सड़कों पर बहने लगता है। इससे सड़क और नाले के बीच अंतर करना मुश्किल हो जाता है। सड़कों पर आवारा पशुओं के झुंड के कारण हादसे का खतरा बना रहता है।
विज्ञापन

दो दिन पहले हुई बारिश में नाला ओवरफ्लो होने से सड़क पर पानी भर गया। इसी दौरान एक आवारा पशु नाले में गिर गया। आसपास के दुकानदारों ने किसी तरह उसे बाहर निकाला। स्थानीय लोगों के मुताबिक, जलभराव के दौरान कई बार बच्चे भी नाले में गिरने से बाल-बाल बचे हैं।

टूटी सड़कें दे रहीं आए दिन जख्म
वार्ड संख्या सात की कई सड़कें टूटी हुई हैं। बारिश के दौरान इन पर पानी भर जाने से स्थिति और खराब हो जाती है। दोपहिया वाहन सवार कई बार फिसलकर चोटिल हो चुके हैं। स्थानीय निवासी कुलदीप शर्मा ने बताया कि पानी की निकासी की ठोस व्यवस्था नहीं है। एक घंटे की बारिश में ही सड़कें लबालब हो जाती हैं और टूटी सड़कों से निकलना जोखिम भरा हो जाता है।
विज्ञापन


आवारा पशुओं का रहता है जमावड़ा
स्थानीय निवासी गौरमेंट यादव ने बताया कि इलाके की सड़कों पर आवारा पशुओं का झुंड लगा रहता है। इनकी चपेट में आने से दोपहिया वाहन सवार कई बार चोटिल हो चुके हैं। बच्चों को अकेले बाहर भेजने में भी डर बना रहता है। कई बार जिम्मेदार अधिकारियों से शिकायत की गई, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ।

नाला बना, फिर भी सड़कों पर बहता है पानी
कमलेश ने बताया कि कई वर्षों के इंतजार के बाद करीब डेढ़ माह पहले वार्ड में नाले का निर्माण कराया गया था। इसके बावजूद बारिश होते ही नाला ओवरफ्लो हो जाता है। नाले की गंदगी और गंदा पानी सड़कों पर आने से लोगों का निकलना मुश्किल हो जाता है। कई बच्चे नाले में गिरने से बच चुके हैं।

पांच साल से जलभराव की समस्या
लोकेश देवी ने बताया कि इलाके में पिछले करीब पांच वर्षों से जलभराव की समस्या बनी हुई है। नया नाला बनने के बाद भी स्थिति में खास सुधार नहीं हुआ है। इसकी शिकायत स्थानीय पार्षद से भी कई बार की जा चुकी है, लेकिन अभी तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ।

वार्ड में विकास कार्यों के लिए करीब 12-13 करोड़ रुपये का बजट प्रस्तावित है। इसकी फाइल डीएम के यहां रुकी हुई है। जल्द ही सभी मूलभूत सुविधाएं दुरुस्त होने की उम्मीद है।
विज्ञापन

-मुन्नी देवी, पार्षद, वार्ड संख्या सात, बिहारीपुरा

बिहारीपुरा की टूटी सड़क पर सीवर लाइन का पानी से हुए जलभराव से गुजरते वाहन। संवाद

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें