नोट बंदी ने शादी वाले घरों में परेशानी खड़ी कर दी है। अब शगुन के लिए पुराने बड़े नोट न लाने की गुजारिश की जा रही है। शालीमार गार्डन निवासी ट्रैवल कारोबारी ने बेटी की शादी के कार्ड पर छपवा दिया है कि शगुन में 500-1000 के नोट न दें।
शालीमार गार्डन एक्सटेंशन-2 निवासी जुगल किशोर टूर एंड ट्रैवल का काम करते हैं। पत्नी कृष्णा घर में ही रेडीमेड की दुकान चलाती हैं। जुगल किशोर ने बताया कि छोटी बेटी सिमरन की शादी 25 नवंबर को है। करीब एक माह पहले ही उन्होंने ज्यादातर शॉपिंग पूरी कर ली।
मगर तीन दिन पहले टेंट हाउस और केटरर को एडवांस देने की बारी आई तो उन्होंने नए नोट मांगे। साथ ही बाकी की पेमेंट भी नए नोटों में ही मांगी। इसके बाद बेटी ने उन्हें ध्यान दिलाया कि शादी में शगुन आएगा तो उसे बैंक में जमा कराने के लिए लंबी कतारों से जूझना होगा। इससे बचने के लिए उन्होंने कार्ड के ऊपर ही एक सप्लीमेंट्री चिट लगा दी है कि शगुन में 500-1000 के नोट न दें।
तीन दिन लाइन में लगने के बाद निकल सके 50 हजार
सिमरन ने बताया कि केटरर और टेंट हाउस को एडवांस देने के लिए उनका पूरा परिवार तीन दिन तक बैंक की लाइन में जूझा, जिसके बाद उन्हें लगा कि शगुन के रुपयों को बदलवाने के लिए भी इतनी ही सिरदर्दी उठानी पड़ेगी।
प्रधानमंत्री को लिखा पत्र, शादी वाले घराें को मिले छूट
जुगल किशोर इलाके में सांझा प्रयास नाम से सामाजिक संस्था भी चलाते हैं। जुगल ने बताया कि उन्होंने प्रधानमंत्री और वित्तमंत्री को पत्र लिखा है कि जिनके घर में शादी है, उन्हें छूट मिलनी चाहिए कि आईडी प्रूफ और शादी का कार्ड दिखाकर वह ज्यादा कैश निकाल सकें, जिससे सभी खर्च पूरे कर सकें।
उन्होंने कहा कि काले धन के खिलाफ प्रधानमंत्री के साथ आम आदमी हमेशा है मगर उन्हें भी आम आदमी को कुछ जगहों पर छूट देनी चाहिए।