गजियाबाद के बुजुर्ग अब्दुल समद के साथ हुई मारपीट और उनकी दाढ़ी काटे जाने के मामले को सांप्रदायिक रूप देकर माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ पुलिस एक और मुकदमा दर्ज करने की तैयारी कर रही है।
इसके तहत अब तक सपा नेता समेत तीन लोगों को चिन्हित किया गया है। वहीं अब्दुल समद की कॉल डिटेल रिकॉर्ड के आधार पर पुलिस ने उनके दावे को नकार दिया है कि वह मुख्य आरोपी प्रवेश को पहले से नहीं जानते थे।
पुलिस ने बताया कि बीते एक महीने में प्रवेश और आब्दुल समद के बीच फोन पर 12 बार बातचीत हुई थी। इसके बावजूद उन्होंने कहा था कि वह प्रवेश को पहले से नहीं जानते।
कस्बा अनूपशहर के बुलंदशहर के मीरा मोहल्ला निवासी अब्दुल समद का कहना है कि बीते दिनों लोनी बॉर्डर क्षेत्र के हाजीपुर बेहटा निवासी उनके एक रिश्तेदार की मौत हो गई थी। गत पांच जून को वह रिश्तेदार के घर जाने के लिए घर से निकले थे। दोपहर करीब तीन बजे उन्होंने दिल्ली गोलचक्कर से एक ऑटो बेहटा हाजीपुर जाने के लिए किया।
बुजुर्ग का कहना था कि रास्ते में चालक के तीन और साथी ऑटो में बैठ गए। वह उन्हें बेहटा हाजीपुर ले जाने की बजाय सुनसान इलाके में ले गए और एक कमरे में बंधक बना दिया। वहां चारों लोगों ने उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। उनको जमकर पीटा और गालीगलौज भी की।
आरोपी बोले थे-जान प्यारी है या दाढ़ी
पीड़ित अब्दुल समद के मुताबिक, आरोपियों के पास कैंची भी थी। एक युवक ने दाढ़ी काटने के लिए कैंची लाने के लिए कहा तो उन्होंने आरोपियों के हाथ जोड़कर दाढ़ी न काटने की गुहार लगाई। इसपर आरोपियों ने कहा कि उन्हें जान प्यारी है या दाढ़ी। इस पर वह बेबस हो गए और युवकों ने कैंची से दाढ़ी काटनी शुरू कर दी। उन्होंने विरोध किया तो युवकों ने उनके साथ फिर से मारपीट शुरू कर दी।
पुलिस चेकिंग की बात कहकर गलत दिशा में दौड़ाया था ऑटो
पीड़ित का कहना है कि रास्ते में तीन साथियों को बैठाने के बाद चालक ऑटो को रांग साइड में दौड़ाने लगा। कारण पूछने पर चालक ने कहा कि आगे पुलिस चेकिंग कर रही है, उसी से बचने को थोड़ी दूर रांग साइड चलना है। पीड़ित के मुताबिक इसके बद आरोपियों ने जबरदस्ती कपड़े से उनकी आंखें ढक दीं और मारपीट करते हुए सुनसान जगह ले गए।