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गाजियाबाद: तहसील में लेखपाल ने वकीलों से की अभद्रता, नारेबाजी कर धरने पर बैठे; एसडीएम के सामने हंगामा

Fri, 11 Sep 2026 07:05 PM IST
अनुज कुमार अमर उजाला नेटवर्क, मोदीनगर

सार

मोदीनगर में लेखपाल की अभद्रता पर अधिवक्ताओं का हंगामा हुआ। हंगामा करते हुए धरने पर बैठ गए। उपजिलाधिकारी कोमल पंवार ने जांच और कार्रवाई का भरोसा देकर धरना समाप्त कराया।
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एसडीएम के सामने लेखपाल-वकीलों में नोकझोंक - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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तहसील मुख्यालय स्थित उपजिलाधिकारी कार्यालय में शुक्रवार दोपहर शिकायत करने गए अधिवक्ताओं से लेखपाल ने उपजिलाधिकारी के सामने अभद्रता कर दी। इससे अधिवक्ता भड़क गए। आक्रोशित अधिवक्ताओं ने तहसील प्रशासन मुर्दाबाद के नारे लगाते हुए हंगामा किया और उपजिलाधिकारी कार्यालय के सामने धरने पर बैठ गए।

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इससे वहां अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। उपजिलाधिकारी कोमल पंवार ने आक्रोशित अधिवक्ताओं को जांच कर कार्रवाई का भरोसा देकर धरना समाप्त कराया। अधिवक्ताओं ने आरोपी लेखपाल का स्थानांतरण न होने पर बड़ा आंदोलन छेड़ने की चेतावनी दी।

बार एसोसिएशन मोदीनगर के अध्यक्ष रामकुमार चौधरी, सचिव सौरभ शर्मा और पूर्व अध्यक्ष उत्तम त्यागी के आदि के साथ अधिवक्ता शुक्रवार दोपहर एकत्रित होकर उपजिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे। अधिवक्ताओं ने सीकरी कलां में तैनात संजय लेखपाल पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। अधिवक्ताओं का आरोप था कि  शुल्क वसूली के लिए मनमानी रिपोर्ट लगाई जाती है।
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आरोप लगया कि बिना कारण बताए गलत रिपोर्ट लगाई जाती है और बाद में धनवसूली कर रिपोर्ट बदल दी जाती है। उन्होंने इसके कई उद्हारण गिनाए। अधिवक्ताओं ने आरोप लगाया कि समाधान दिवस में की  कई शिकायत पर कानूनगो से जांच करा झूठी रिपोर्ट लगाकर लेखपाल को बचा दिया गया। इस दौरान वहां मौजूद लेखपाल ने अधिवक्ताओं से अभद्रता कर दी। 

इससे अधिवक्ता भड़क गए। उपजिलाधिकारी के सामने दोनों पक्षों में खूब नोकझोंक हुई। गुस्साए अधिवक्ता वार्ता बीच में छोड़कर नारेबाजी करते हुए बाहर आ गए और उपजिलाधिकारी कार्यालय के बाहर फर्श पर ही धरना देकर बैठ गए। आक्रोशित अधिवक्ताओं ने आरोपी लेखपाल का स्थानांतरण और विभागीय कार्रवाई की मांग करते हुए नारेबाजी कर दी। तहसीलदार रजत सिंह ने उत्तेजित अधिवक्ताओं का मनाने का प्रयाय किया मगर वे लेखपाल के स्थानांतरण पर अड़े रहे। लगभग तीस मिनट तक हंगामा चलता रहा। 

उपजिलाधिकारी कोमल पंवार अधिवक्ताओं के पास पहुंची और उन्हें जांच कर कार्रवाई का भरोसा दिया। इसके बाद अधिवक्ताओं ने धरना समाप्त कर दिया। अधिवक्ताओं ने चेतावनी दी कि अगर सोमवार तक आरोपी लेखपाल का स्थानांतरण कर कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन किया जाएगा।

वहीं उपजिलाधिकारी कोमल पंवार ने बताया कि लेखपाल संजय को व्यवहार में सुधार लाने की हिदायत दी गई है। तहसीलदार को मामले की जांच सौंपी गई है। जांच रिपोर्ट के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। इस अवसर पर एडवोकेट कपिल त्यागी,पुनीत चौधरी,सचिन दीक्षित,निशांत गुप्ता और धीरज कौशिक आदि मौजूद थे।

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