गाजियाबाद। बद्दो के संपर्क में आने के बाद 17 वर्षीय किशोर जब इस्लाम की तरफ आकर्षित हुआ तो वह यूट्यूब पर उसका इतिहास खंगालने लगा। इतिहास जानने के बाद उसने यूट्यूब से ही उर्दू और नमाज पढ़ना सीखा। इसी बीच बद्दो और उसके साथी भी किशोर को इस्लाम से जुड़ी वीडियो भेजते थे। अंदेशा जताया जा रहा है कि यह एक बढ़ा गिरोह है। बद्दो की तलाश के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है। एसीपी कविनगर अभिषेक श्रीवास्तव का कहना है कि मामले में किशोर के मोबाइल फोन व लैपटॉप से कई अहम जानकारी मिली हैं। एटीएस भी अपने स्तर पर जांच कर रही है। गिरोह के तार कहां तक जुड़े हैं। इस संबंध में जानकारी की जा रही है। बद्दो के पकड़े जाने पर ही पूरे मामले का खुलासा होगा। इसके लिए टीमें लगी हैं।
धर्मांतरण के लिए फंडिंग होने की आंशका
आईबी, एटीएस समेत कई जांच एजेंसी मामले की गहराई तक जाने में लगी है। जांच एजेंसी इस संबंध में भी जानकारी जुटाने में लगी हैं। यह गिरोह कहां तक फैला है। वहीं, इसके लिए फंडिंग कहां से की जा रही है क्योंकि बद्दो की बैंक स्टेटमेंट में मिली लाखों की ट्रांजेक्शन जांच के घेरे में हैं।