शहर के एक लाख रसोई गैस उपभोक्ताओं पर उनके रसोई गैस कनेक्शन अवैध होने का खतरा मंडरा रहा है। ये वह उपभोक्ता हैं, जिनका आधार कार्ड एजेंसी से लिंक नहीं है और सब्सिडी भी नहीं छोड़ी है। गैस कंपनियों का सर्वे शुरू हो गया है और इन उपभोक्ताओं के गैस कनेक्शन को 31 जनवरी के बाद से अवैध घोषित कर दिया जाएगा।
इससे बचने के लिए आपको केवाईसी (नो योर कस्टमर) फार्म भरना होगा। गाजियाबाद में करीब 10 लाख रसोई गैस उपभोक्ता हैं, इनमें से एक लाख उपभोक्ता ऐसे हैं, जिनका आधार कार्ड लिंक नहीं है। ये उपभोक्ता गैस सब्सिडी का भी फायदा उठा रहे हैं यानी गैस सब्सिडी का त्याग नहीं किया।
सरकारी सुविधाओं के लिए केवाईसी फार्म भरना अनिवार्य हो गया है। इसके जरिए ही कंपनी अपने उपभोक्ताओं के बारे में जान सकती है। गैस डिस्ट्रीब्यूटर एसोसिएशन के वरिष्ठ पदाधिकारी सुधीर निर्वाण ने बताया कि कई वर्ष पहले गैस कनेक्शन लेते वक्त केवाईसी फार्म नहीं भरवाया जाता था।
कनेक्शन केवाईसी जरूरी हो गया है। अगर उपभोक्ता ने केवाईसी फार्म नहीं भरा तो उसे कनेक्शन भी नहीं मिलेगा। ऐसे उपभोक्ता, जिनका आधार कार्ड लिंक है या फिर वह सब्सिडी छोड़ चुके हैं, उन्हें केवाईसी फार्म भरना जरूरी नहीं है लेकिन बाकी उपभोक्ताओं को 31 जनवरी तक केवाईसी फार्म आधार कार्ड की जानकारी के साथ देना होगा।
ऐसा नहीं करने पर गैस कनेक्शन को अवैध मानते हुए बंद कर दिया जाएगा।अगर आपके पास आधार कार्ड नहीं है तो केवाईसी फार्म भरने के साथ ही उसके साथ अपनी फोटो आईडी (पैनकार्ड, बैंक पासबुक) और एड्रेस प्रूफ की फोटोकॉपी लगाकर अपनी गैस एजेंसी में जमा कराएं।