फास्टैग के लिए मारामारी, एनएचएआई को नहीं मिल रही एजेंसी
गाजियाबाद। एक दिसंबर से सभी टोल से फास्टैग के जरिए भुगतान की व्यवस्था शुरू होनी है। इससे पहले लोगों को फास्टैग लगवाने में बड़ी परेशानी का सामना करना पड़ा रहा है। नेशनल हाइवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) की तरफ से अभी तक कहीं पर आधिकारिक तौर पर फास्टैग लगाने की जिले में व्यवस्था नहीं की गई है। अब जब प्रयास किए जा रहे हैं तो एजेंसी नहीं मिल पा रही है। कारण मांग इतना ज्यादा बढ़ गई है कि तमाम बैंकिंग एजेंसियों के पास अब समय नहीं है। इसी का नतीजा है कि छिजारसी टोल (पिलखुवा) के अतिरिक्त अथॉरिटी कहीं दूसरी जगह फास्टैग देने की व्यवस्था नहीं कर पाई है।
एनएचएआई बीते चार दिनों से कोशिश में लगी है कि कलक्ट्रेट, आरटीओ कार्यालय और बस अड्डे पर फास्टैग लगाने की व्यवस्था कर दी जाए। इसके लिए आईसीआईसीआई, एसबीआई, पेटीएम से लेकर एयरटेल तक से बातचीत की जा चुकी है, लेकिन सभी की तरफ से कहा जा रहा है कि फास्टैग से जुड़ी बार कोड की डिमांड काफी ज्यादा बढ़ गई है। मांग की तुलना में डिमांड को पूरा करने में दिक्कत आ रही है। ऐसे में अतिरिक्त जगहों पर फास्टैग सेंटर खोलने की व्यवस्था नहीं की जा सकती है। उधर, अभी तक चुनिंदा बैंक शाखाओं में ही फास्टैग की व्यवस्था की जा रही है, जिसके लिए अभी तक बार कोड की समुचित उपलब्ध नहीं है। इस कारण से बैंक शाखाओं ने भी अभी तक फास्टैग लगाना शुरू नहीं किया है। हालांकि कुछ बैंक ऑनलाइन आवेदन के बाद डोरस्टैप डिलीवरी के माध्यम से अपने ग्राहकों को फास्टैग की सुविधा दे रहे हैं, लेकिन हर किसी की ऑनलाइन पहुंच नहीं है। इसी का नतीजा है कि तमाम लोग चाहकर भी अभी तक फास्टैग नहीं लगवा पाए हैं। इतना ही नहीं काफी लोगों को अभी तक इसकी पूरी जानकारी भी नहीं है कि फास्टैग काम कैसे करेगा।
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हर कंपनी का अलग पैकेज
फास्टैग लगाने के पीछे कंपनियां अलग-अलग तरीके के ऑफर के साथ पैकेज दे रही हैं। आईसीआईसीआई की तरफ 400 रुपये चार्ज किया जा रहा है, जिसमें 200 रुपये रिचार्ज के और 200 सिक्योरिटी के तौर पर लिए जा रहे हैं। सिक्योरिटी मनी बाद में लौटा दी जाएगी। उधर, पेटीएम 150 रुपये ले रही है और 150 रुपये का ही रिचार्ज कर रही है। इसी तरह से अन्य कंपनियां भी ऑफर दे रही हैं।
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आज से चार जगह हो सकती है शुरूआत
एनएचएआई के डीजीएम मुदित गर्ग का कहना है कि तमाम एजेंसियों व बैंकों के साथ बात चल ही है। शुक्र्रवार से कोशिश है कि गाजियाबाद में कलक्ट्रेट, आरटीओ और बस अड्डे पर फास्टैग लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाए। उधर, कलक्ट्रेट स्थित एसबीआई बैंक के सीनियर मैनेजर सीएस गौतम का कहना है कि हम लोग भी एक दो दिन में फास्टैग की सुविधा को शुरू कर देंगे।