प्रशासन-पुलिस से नहीं भिड़ेंगे किसान, स्टेशनों पर रेल रोककर चालक को देंगे फूल
साहिबाबाद। रेल रोको आंदोलन में किसानों का आज चार घंटे स्टेशनों पर कब्जा रहेगा। दोपहर 12 बजे गांव और कस्बों के किसान स्टेशनों पर पहुंचकर शाम चार बजे तक रेल रोकेंगे। किसान नेता राकेश टिकैत ने अपील की है कि प्रशासन और पुलिस से कोई किसान संघर्ष नहीं करेगा। ट्रेन में बैठे यात्रियों को चाय-नाश्ता, जबकि बच्चों को दूध देकर किसान उनसे संवाद करेंगे और किसानों की समस्याएं बताएंगे। सबसे पहले किसान रेल पर माला चढ़ाएंगे और फिर चार घंटे बाद चालक को फूल देकर उसे आगे रवाना करेंगे। उधर, किसान नेताओं को देश में 20 से अधिक राज्यों में रेल रोको आंदोलन को सफल होने की उम्मीद है। फिलहाल तमाम पदाधिकारियों ने गांव स्तर पर किसानों से इसे सफल बनाने का आह्वान किया है। राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा कि भारत सरकार उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार करे, इसके लिए वे रेल यात्रियों से समर्थन की अपील भी करेंगे।
सांसद-विधायकों से सवाल करें ग्रामीण
राकेश टिकैत ने किसानों से आह्वान किया है कि जब भी सांसद और विधायक गांव में आएं तो उनसे बड़ी शालीनता के साथ यह पूछना न भूलें कि चार वर्षों में गन्ने के रेट में एक पाई भी क्यों नहीं बढ़ाई ? दूसरा सवाल ग्रामीण यह करें कि अब तक भी गन्ना किसानों के 15 हजार करोड़ का भुगतान क्यों नहीं किया गया?
यूनाइटेड फार्मर ऑफ केरला का समर्थन
मीडिया प्रभारी धर्मेंद्र मलिक ने बताया कि केरल से किसानों के संगठन ‘‘यूनाइटेड फार्मर ऑफ केरला’’ ने भी समर्थन दिया है। संगठन का एक जत्था बुधवार को गाजीपुर बॉर्डर पहुंचा। संगठन के पदाधिकारियों ने राकेश टिकैत से मुलाकात की और कहा कि केरल में किसानों को काफी समस्याएं हैं, वहां पर वह किसान पंचायत करने आएं। इस पर राकेश टिकैत ने उन्हें जल्द ही कार्यक्रम तय करके केरल में पंचायत करने का आश्वासन दिया। उधर, पंजाब से भाकियू (दोआबा) का एक प्रतिनिधिमंडल गाजीपुर बॉर्डर पहुंचा। यह प्रतिनिधिमंडल सुखनाम सिंह साहनी के नेतृत्व में पहुंचा था।
किसानों की शांति का पैगाम है यह फुलवारी
यूपी गेट पर बीती छह फरवरी को किसानों ने पौधे लगाकर खेत बनाया था। बुधवार को राकेश टिकैत ने फावड़ा लेकर फूलों के खेत को देखा और फिर पौधों की क्यारी साफ की। इसके बाद उन्होंने बाल्टी से पौधों को पानी भी दिया। उन्होंने कहा कि यह फुलवारी किसानों की शांति का पैगाम है। सरकार किसानों के विरुद्ध चाहें जितनी भी कीलें लगा दे, किसान शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगों को लेकर आंदोलन करेंगे।
भाकियू अंबावता ने भी किया आंदोलन को सफल बनाने का आह्वान
भाकियू अंबावता के प्रदेश अध्यक्ष पं. सचिन शर्मा ने बताया कि रेल रोको आंदोलन को लेकर बुधवार को यूपी गेट पर बैठक में यह निर्णय लिया कि सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, मेरठ, बागपत, गाजियाबाद, बुलंदशहर, अलीगढ़, मथुरा, इटावा, फिरोजाबाद, हापुड़ समेत पूरे प्रदेश के किसान शामिल होंगे। बैठक में प्रवीण शर्मा, अमित कसाना, मास्टर राजकुमार गौड़, चौ. नेपाल सिंह, चौ. रामदास, करण शर्मा, प्रधान चौधरी, कृष्ण गुर्जर, चौ. उदय वीर सिंह आदि मौजूद रहे।