माई सिटी रिपोर्टर
गाजियाबाद। रबी के मौसम में आलू बीज की मांग की अधिकता और उसकी कालाबाजारी को रोकने के लिए उद्यान विभाग और कृषि विभाग ने मिलकर रणनीति तैयार की है। उसके अनुसार जो भी आलू के बीज की कालाबाजारी करेगा उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
रबी के फसली मौसम में बोई जाने वाली मुख्य फसल आलू के अच्छे उत्पादन के लिये उद्यान विभाग किसानों को गुणवत्तायुक्त नई प्रजातियों का बीज उपलब्ध करवाएगा। जिले के किसानों को आलू का 100 कुंतल बीज दिया जाएगा। आलू बीज की बुवाई का समय अब शुरू हो गया है। इसके साथ ही किसानों को बीज भी उपलब्ध कराया जा रहा है। किसानों को 'पहले आओ पहले पाओ के आधार' पर बीज उपलब्ध होगा।
जिले के किसानों को अच्छी गुणवत्ता का बीज प्राप्त हो। इसके लिए सरकार ने उद्यान विभाग के माध्यम से किसानों को कम रेट पर अच्छी प्रजातियों का बीज मुहैया कराने की योजना बनाई है। जिला उद्यान अधिकारी निधि ने बताया कि इस साल आलू का 100 कुंतल बीज किसानों को देने का लक्ष्य है। जो किसानों को दिया जायेगा। आलू के बीज वितरण में अनियमितता मिलने या पाए जाने पर निदेशक उद्यान या संबंधित जनपद के उद्यान अधिकारी जिम्मेदार होंगे। जिले में आलू की खेती 542 हेक्टेयर में होती है। जिसमें आलू बीज की मांग करीब 200 कुंटल प्रतिवर्ष होती है। लेकिन इसका मात्र आधा यानी 100 कुंतल बीज ही उद्यान विभाग उपलब्ध हुआ है। जिला उद्यान अधिकारी कुमारी निधि ने बताया कि आलू के बीज आ गए हैं और उनका वितरण भी शुरू हो गया है। कालाबाज़ारी ना हो इसकी निगरानी की जाएगी। कालाबाज़ारी करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।