रईसपुर में सांप्रदायिक तनाव, दुकान फूंक माहौल बिगाड़ने की साजिश
गाजियाबाद। मधुबन-बापूधाम थानाक्षेत्र के गांव रईसपुर में रविवार रात गांव के ही जितेंद्र चौधरी व उनके बेटे-भतीजे पर जानलेवा हमला कर दिया गया। लाठी-डंडों के हमले व पथराव में तीनों गंभीर रूप से घायल हो गए। आरोपी संप्रदाय विशेष के होने के कारण गांव में तनाव फैल गया। माहौल बिगड़ता देख कई थानों की फोर्स ने गांव में डेरा डाल दिया। पुलिस ने चार लोगों को नामजद कर दो आरोपियों को गिरफ्तार भी कर लिया। लेकिन पुलिस की लापरवाही के चलते सोमवार रात को फिर उत्पातियों ने दूसरे संप्रदाय के व्यक्ति की दुकान फूंककर माहौल बिगाड़ने की कोशिश की। घटना के बाद एक बार फिर पुलिस अफसर कई थानों की फोर्स के साथ मौके पर दौड़ पड़े। एतहियात के तौर पर गांव में फोर्स तैनात है।
गांव रईसपुर निवासी रविंद्र कुमार का कहना है कि रविवार रात करीब 8 बजे उनके चचेरे भाई जितेंद्र की बेटी की तबीयत खराब हो गई थी। इसी के चलते जितेंद्र का बेटा अक्षय गांव में बंगाली डॉक्टर के यहां दवाई लेने गया था। रविंद्र चौधरी के मुताबिक, अक्षय को आने में देर होने पर जितेंद्र और उनका बेटा अरुण भी अक्षय को देखने पहुंच गए। आरोप है कि वहां संप्रदाय विशेष के लोग अक्षय से झगड़ा कर रहे थे। जितेंद्र और अरुण ने विरोध किया तो गांव के ही शौकत, उसके बेटे फुरकान और भाई यासीन व जमशेद ने एकराय होकर लाठी-डंडों से हमला कर दिया और साथ ही ईंट-पत्थर बरसाए। हमले में जितेंद्र, उनका बेटा अक्षय और भतीजा अरुण घायल हो गए। घटना का पता लगते ही गांव में तनाव फैल गया।
घंटों चला हंगामा, अफसरों ने मुश्किल से संभाले हालात
एक संप्रदाय के लोगों द्वारा पिता-पुत्र समेत तीन लोगों पर जानलेवा हमले के विरोध में ग्रामीण आक्रोशित हो गए। उन्होंने आरोपियों पर कार्रवाई के लिए हंगामा काटा। सूचना मिलते ही कई थानों की फोर्स व पुलिस अधिकारी मौके पर दौड़ पड़े। अधिकारियों ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन देकर ग्रामीणों को शांत किया। एहतियात के तौर पर पुलिस देर रात तक गांव में डेरा जमाए रही। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने देर रात तक दबिश दी, लेकिन वह घर से गायब मिले। तड़केपुलिस ने शौकत और फुरकान को गिरफ्तार कर लिया।
ग्रामीणों ने पंचायत कर आरोपियों पर एनएसए लगाने की मांग की
सोमवार सुबह 11 बजे ग्रामीणों ने घायलों के पक्ष में पंचायत की। करीब तीन घंटे चली पंचायत में पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) के तहत कार्रवाई की मांग की। साथ ही फैसला लिया कि एनएसए लगाने की मांग को लेकर बुधवार को ग्रामीणों का प्रतिनिधिमंडल डीएम से मिलेगा।
पुलिस मुस्तैदी का दावा करती रही, उत्पाती दुकान जला गए
सांप्रदायिक तनाव के बीच पुलिस मुस्तैदी का दावा करती रही, लेकिन उत्पातियों ने सोमवार रात दूसरे संप्रदाय के व्यक्ति की दुकान जलाकर माहौल बिगाड़ने की कोशिश की। सूचना मिलते ही एसपी सिटी निपुण अग्रवाल, सीओ द्वितीय अवनीश कुमार फोर्स के साथ मौके पर दौड़ पड़े। उन्होंने कहा कि माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों को चिह्नित कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
तहरीर के आधार पर चार लोगों को नामजद कर हत्या की कोशिश का मुकदमा दर्ज किया गया है। दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। बाकी आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है। सोमवार रात हुई घटना में शामिल लोगों का पता लगाया जा रहा है। - अवनीश कुमार, सीओ सेकेंड