नीचे नहीं आए ‘साहब’, बुजुर्ग महिला फरियादी डेढ़ घंटा इंतजार करके लौटीं
गाजियाबाद। खुद को बुजुर्गों की मददगार बताने वाली पुलिस का शर्मनाक चेहरा देखने को मिला है। मामला छह लाख की साइबर ठगी की पीड़ित 77 वर्षीय बुजुर्ग से जुड़ा है। शिकायत लेकर थाने गईं तो घंटाघर कोतवाली स्थित साइबर सेल भेज दिया गया। वहां, दो मंजिल की सीढ़ियां चढ़कर साइबर सेल जाने में असमर्थ थीं, लिहाजा इंचार्ज से नीचे आने का आग्रह किया। पीड़ित बुजुर्ग घंटों तक खड़ी रहीं, लेकिन साइबर सेल इंचार्ज नीचे नहीं आए। जिसके चलते पीड़िता को बैरंग लौटना पड़ा।
कविनगर के-ब्लॉक में रहने वाली प्रेमलता गर्ग पीडब्ल्यूडी के रिटायर्ड इंजीनियर की पत्नी हैं। प्रेमलता का कहना है कि उन्होंने बिजली बिल जमा करने के लिए पेटीएम इंस्टाल किया था, लेकिन वह उसका ज्यादा इस्तेमाल नहीं करती थीं। उनके खाते में नौ लाख रुपये थे, लेकिन गत अक्तूबर माह में पता चला कि खाते से छह लाख रुपये कट गए हैं। पहले बैंक में शिकायत की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। कविनगर थाने जाने पर उन्हें साइबर सेल से जुड़ा मामला बताकर लौटा दिया गया। इसके बाद वह घंटाघर कोतवाली स्थित साइबर सेल पहुंचीं। प्रेमलता का कहना है कि वह दो मंजिल की सीढ़ियां नहीं चढ़ सकती थीं, लिहाजा उन्होंने अपने ड्राइवर के जरिये साइबर सेल इंचार्ज से नीचे आकर शिकायत सुनने का आग्रह किया। आरोप है कि वह करीब डेढ़ घंटे तक खड़ी रहीं, लेकिन इंचार्ज तो दूर कोई कर्मचारी भी उनकी शिकायत सुनने नहीं आया।
एसपी सिटी ने खेद जताया, गाइड लाइन जारी की
पीड़ित बुजुर्ग शुक्रवार को एसपी सिटी से मिलीं और अपनी मजबूरी व परेशानी बताते हुए घटनाक्रम से अवगत कराया। इस पर एसपी सिटी मनीष मिश्र ने खेद जताते हुए साइबर सेल इंचार्ज को बुलाकर लताड़ लगाई। साथ ही निर्देश दिए कि जो लोग ऊपर आने में आने में असमर्थ हों, उनकी शिकायत नीचे आकर सुनी जाए। एसएचओ कविनगर अनिल कुमार शाही ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है।