छापा मारकर 1200 मोबाइल सीज, 4 दुकानदार हिरासत में
गाजियाबाद। अपराधियों को प्री-एक्टिवेटेड सिम व मोबाइल मुहैया कराने वाले मोबाइल संचालकों की धरपकड़ के लिए पुलिस ने शनिवार को जिले में छापेमारी अभियान चलाया। इस दौरान करीब 250 मोबाइल शॉप पर छापेमारी कर 12 सौ मोबाइल सीज किए गए। साथ ही संदिग्ध गतिविधि वाले चार दुकानदारों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि गोरखधंधे में लिप्त दुकानदारों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
एसपी सिटी मनीष मिश्र ने बताया कि बीते दिनों में पकड़े गए कुछ शांतिर अपराधियों से मोबाइल बरामद हुए। न तो मोबाइल उनके नाम पर था और न ही सिम उनकी आईडी पर है। पूछताछ में उन्होंने खुलासा किया था कि तमाम ऐसे मोबाइल विक्रेता हैं, जो सस्ते दामों पर प्री-एक्टिवेटेड सिम व मोबाइल बरामद कराते हैं। बदमाश इन मोबाइल व सिम का इस्तेमाल आपराधिक वारदातों में करते हैं। वारदात के बाद मोबाइल व सिम फेंक देते हैं, जिससे उन तक पहुंचना टेढ़ी खीर हो जाता है। इसी इनपुट के बाद जिलेभर में मोबाइल शॉप पर छापा मारा गया।
नहीं मिला रिकॉर्ड तो सीज किए मोबाइल
एसपी सिटी ने बताया कि उनके व एडीएम सिटी शैलेंद्र सिंह के नेतृत्व में छापेमारी अभियान चलाया गया है। कई दुकानदार अपने यहां रखे मोबाइलों के बारे में जानकारी नहीं दे सके और न ही उनके मालिकों केबारे में बता सके। ऐसे करीब 12 सौ मोबाइल दुकानों पर ही सीज कर दिए गए हैं।
पुलिस से वेरिफाई कर ग्राहकों को दिए जाएंगे मोबाइल
एसपी सिटी ने बताया कि मोबाइलों को दुकानों पर ही सीज किया गया है। दुकानदारोंसे कहा गया है कि ग्राहक के आने पर वह पुलिस से वेरिफाई कराने के बाद उसे मोबाइल दें। साथ ही भविष्य में नए व पुराने मोबाइलों का रिकार्ड रखें। प्री-एक्टिवेटेड सिम मिलने पर चार दुकानदारों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
मोबाइल विक्रेताओं को पुलिस ने अनावश्यक परेशान किया है। इस तरह की कार्रवाई से पहले नोटिस या सूचना दी जाती तो दुकानदार सारे दस्तावेज व प्रमाण तैयार रखते। मोबाइल सीज करना अनावश्यक रूप से दुकानदारों का उत्पीड़न करना है। - ललित शर्मा, सचिव, गाजियाबाद टेलीकॉम एसोसिएशन