पीओएस मशीन में खामी बता 33 लाख हड़पे
गाजियाबाद। नगर कोतवाली क्षेत्र में पीओएस मशीन में खामी बताकर 33 लाख रुपये का पेमेंट घोटाला सामने आया है। इस संबंध में पीओएस मशीन मुहैया कराने वाली कंपनी के अधिकृत प्रतिनिधि ने जूता विक्रेता समेत 18 लोगों के खिलाफ केस दर्ज कराया है। आरोप है कि जूता विक्रेता व उसके साथी पीओएस मशीन के जरिये क्रेडिट व डेबिट कार्ड से पेमेंट न मिलने का झूूठा शपथ-पत्र देते रहे। जिसके चलते भुगतान कंपनी को करना पड़ा। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है।
पश्चिम विहार दिल्ली निवासी आदित्य राजपाल का कहना है कि वह मुंबई की ट्रांजेक्ट सर्विस प्राइवेट लिमिटेड कंपनी की सहायक कंपनी चलाते हैं। कंपनी डेबिट व क्रेडिट कार्ड से पेमेंट लेने वाली पीओएस (प्वॉइंट ऑफ सेल) मशीन मुहैया कराती है। आदित्य का कहना है कि नगर कोतवाली की नई बस्ती में एमके इंटरप्राइजेज फर्म चलाने वाले मोमीन खान ने उनकी कंपनी में पीओएस मशीन के लिए आवेदन किया। 6 जनवरी 2021 को कंपनी ने मोमीन को मशीन उपलब्ध करा दी। आदित्य राजपाल का कहना है कि 14 जनवरी से 9 मार्च तक मोमीन ने 46 ट्रांजेक्शन केजरिये 32.93 लाख रुपये का भुगतान क्रेडिट व डेबिट कार्ड से कराया।
46 में से 39 ट्रांजेक्शन की रकम बैंकों ने वापस मांगी
आदित्य राजपाल का कहना है कि एकाएक 12 मार्च को विभिन्न बैंकों ने कंपनी से 46 में 39 ट्रांजेक्शन के भुगतान की रकम वापस मांगी। उसमें बताया गया कि मोमीन व अन्य लोगों ने भुगतान न मिलने के संबंध में शपथ-पत्र दिया है। शिकायतकर्ता का कहना है कि इसके चलते उनकी कंपनी को यह भुगतान करना पड़ा। बाद में पता चला कि मोमीन व अन्य लोगों के खातों में पैसा जाता रहा और वह पैसे गबन करने के लिए झूठे शपथ-पत्र देते रहे।
जांच में कई अन्य चेहरे बेनकाब होने की संभावना
नगर कोतवाल संदीप सिंह का कहना है कि हाथरस, गौतमबुद्धनगर के अलावा इंदिरापुरम व नगर कोतवाली क्षेत्र के मोमीन, सोनिया, विष्णु बाबू, अभिषेक कुमार, बाबू विश्वनाथ, हरि कृष्ण, मोहम्मद कलीम खान, सौरभ कुमार, सुमित वर्मा, अंकित त्यागी, बबीता वर्मा, विशाल कुमार, आशीष, विनय लालजी, शाहीकांत बघेल, निकेश कुमार, शाहनवाज खान व सोनम सांगवान के खिलाफ धोखाधड़ी, अमानत में ख्यानत व षड्यंत्र रचने का केस दर्ज कर लिया गया है। जांच में कई अन्य चेहरे बेनकाब होने की संभावना है।