पत्नी का हत्यारोपी सिपाही पति पांच माह बाद गिरफ्तार
मसूरी। दहेज की खातिर पत्नी की हत्या के आरोपी सिपाही रवि कुमार को मसूरी पुलिस ने पांच माह बाद गिरफ्तार किया। रवि को पिछली आठ फरवरी को गिरफ्तारी के खिलाफ हाईकोर्ट से स्टे मिल गया था, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने 28 मई को खारिज कर दिया। स्टे खारिज होने के एक सप्ताह बाद पुलिस उसे गिरफ्तार कर सकी। आकाशनगर इंद्रगढ़ी निवासी रवि कुमार की तैनाती गाजियाबाद कोविड-19 कंट्रोल रूम में थी। उसकी शादी सैदपुर बुलंदशहर निवासी कृष्णा से हुई थी। पिछली जनवरी में हत्या का मुकदमा दर्ज होने के बाद फरवरी में एसएसपी ने सिपाही को निलंबित कर दिया था। घटना में शामिल रवि का भाई, भतीजा व बहन अभी फरार हैं।
थाना औरंगाबाद, बुलंदशहर के गांव सैदपुर निवासी नत्थू सिंह सीआरपीएफ में दरोगा हैं। उनकी तैनाती इलाहाबाद में है। उन्होंने अपनी बेटी कृष्णा की शादी 14 फरवरी 2014 को सिपाही रवि कुमार के साथ की थी। इसके बाद कृष्णा की छोटी बहन कमलेश उर्फ कमली की शादी भी रवि के छोटे भाई रतन से कर दी गई थी। छोटी बेटी की शादी में नत्थू सिंह ने कार दी थी, जबकि बड़ी बेटी की शादी में कार नहीं दी थी। इसी बात पर रवि और उसके परिजन कृष्णा का उत्पीड़न करने लगे थे। परिजनों के मुताबिक, दिसंबर 2020 में कार खरीदने के लिए उन्होंने रवि को तीन लाख रुपये दिए थे, जबकि बाकी रकम बाद में देने की बात कही थी। गत दो जनवरी को रवि ने ससुर को फोन करके कृष्णा की तबीयत खराब होने की सूचना दी। कृष्णा को सर्वोदय अस्पताल में भर्ती बताया गया था। परिजन पहुंचे तो पता चला कि कृष्णा की आधी रात में ही मौत हो चुकी थी। परिजनों ने आरोप लगाया कि रवि के परिजन कृष्णा की ननद की शादी उसके भतीजे से करना चाहते थे, जिसके लिए कृष्णा ने इनकार कर दिया था। उनका कहना है कि शादी से इनकार करने और दहेज में कार न मिलने पर ससुराल पक्ष के लोगों ने कृष्णा को जहरीला पदार्थ दे दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
एसएसपी की फटकार के बाद किया गिरफ्तार
नत्थू सिंह ने कृष्णा के पति रवि के अलावा ननद शोभा, जेठ सुंदर, जेठ के बेटे कुणाल को नामजद करते हुए पांच जनवरी को दहेज हत्या का केस दर्ज कराया था। 22 फरवरी को निलंबित होने के बाद गिरफ्तारी से बचने के लिए रवि को 8 फरवरी को स्टे मिल गया था। नत्थू सिंह का आरोप है कि स्टे खारिज कराने के बावजूद मसूरी पुलिस रवि व उसके परिजनों को गिरफ्तार नहीं कर रही थी। मंगलवार को वह एसएसपी अमित पाठक से मिले, जिन्होंने मसूरी पुलिस को फटकार लगाई। इसके बाद पुलिस ने रवि को गिरफ्तार किया।