फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

विकास योजनाओं का केंद्र होगा मुरादनगर-मोदीनगर क्षेत्र

विज्ञापन
विज्ञापन
जीडीए की विकास योजनाओं का केंद्र होगा मुरादनगर-मोदीनगर क्षेत्र
विज्ञापन

गाजियाबाद। जीडीए की भविष्य की विकास और आवासीय योजनाओं का मुरादनगर-मोदीनगर और उसके आसपास का क्षेत्र केंद्र होगा। गाजियाबाद में पहली बार तैयार हो रहे जियोग्राफिक इंफॉर्मेशन सिस्टम (जीआईएस) बेस्ड सेंट्रलाइज्ड मास्टर प्लान-2031 में मुरादनगर-मोदीनगर का भी मास्टर प्लान तैयार हो रहा है। ऐसे में भविष्य की आवासीय और अन्य योजनाएं इसी के इर्द-गिर्द आएंगी। जीडीए के पास सर्वाधिक लैंडबैंक भी मधुबन बापूधाम के बाद मुरादनगर और राजनगर एक्सटेंशन से सटे क्षेत्रों में है। दूसरी ओर रैपिड ट्रेन कॉरिडोर में गुलधर-दुहाई दो मेट्रो स्टेशन और उसी के पास व्यावसायिक केंद्रों के विकास की योजना से क्षेत्र के लोगों को लाभ होगा। निजी बिल्डरों के कई आवासीय प्रोजेक्ट दिल्ली-मेरठ रोड पर मुरादनगर-मोदीनगर क्षेत्र के आसपास आ रहे हैं। मुरादनगर के पास प्रस्तावित ट्रांसपोर्ट नगर, अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेशन और नॉदर्न पेरिफेरल रोड का लाभ भी क्षेत्र के लोगों को मिलेगा।
---
गुलधर में वेयरहाउस व दुहाई में कॉमर्शियल हब होगा विकसित
दिल्ली सराय काले खां से मेरठ के मोदीपुरम तक प्रस्तावित रैपिड रेल कॉरिडोर में 17 किमी लंबा साहिबाबाद से दुहाई तक का सेक्शन मार्च 2023 में शुरू होना है। कॉरिडोर में गाजियाबाद में गुलधर स्टेशन पर वेयरहाउस हब और दुहाई स्टेशन पर रेजिडेंशियल व कॉमर्शियल ऑफिस हब के विकास की योजना है। जबकि मेरठ में पड़ने वाले मोदीपुरम स्टेशन के आसपास इंस्टीट्यूशनल हब और परतापुर के बार इंडस्ट्रियल हब विकसित करने की योजना है। एनसीआरटीसी की ओर से लागत वसूली को वैल्यू कैप्चर फाइनेंसिंग (वीसीएफ) मॉडल में इसका जिक्र किया गया है। 30 हजार करोड़ के रैपिड रेल प्रोजेक्ट में 18.7 फीसदी (5915.18 करोड़) अंशदान यूपी सरकार का है।
विज्ञापन

---
मुरादनगर के पास 100 एकड़ में ट्रांसपोर्ट नगर की योजना
मुरादनगर के पास ही शहरवासियों को ट्रांसपोर्टनगर की सौगात देने की योजना है। राजनगर एक्सटेंशन और नॉदर्न पेरिफेरल रोड (एनपीआर) के पास करीब 100 एकड़ में ट्रांसपोर्ट नगर बसेगा। लैंडपूल पॉलिसी के तहत विकसित होने वाले ट्रांसपोर्ट नगर के लिए जीडीए अधिकारियों की मोरटा, मोरटी व राजनगर एक्सटेंशन के आसपास के किसानों के साथ निजी विकासकर्ताओं से बातचीत हुई है। किसानों व लोगों की मांगों का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। शासन के निर्णय के बाद योजना धरातल पर उतरेगी। ट्रांसपोर्टनगर में 45 एकड़ क्षेत्र में सड़क, सीवर, सीवर ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी), पार्क और हरित पट्टियां विकसित की जाएंगी। ले-आउट में बाकी बचे 55 फीसदी क्षेत्र को जीडीए ही विकसित करेगा। लैंडपूल मॉडल की शर्तों के तहत प्राधिकरण 55 में से 25 फीसदी जमीन को विकसित कर किसानों को लौटाएगा।
विज्ञापन

---
एनपीआर और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम देगा पहचान
जीडीए के नॉदर्न पेरिफेरल रोड (एनपीआर) और राजनगर एक्सटेंशन को आउटर रिंग के साथ अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम से क्षेत्र को पहचान मिलेगी। 9.90 किमी लंबी एनपीआर रोड ओर 6.40 किमी लंबी आउटर रिंग रोड का निर्माण तीन चरणों में होगा। जीडीए ने 466.46 करोड़ के प्रोजेक्ट का प्रस्ताव शासन को भेजा है। एनपीआर से दिल्ली-मेरठ रोड सीधे एनएच-9 से कनेक्ट हो जाएगी। एनएच-9 से दिल्ली-मेरठ रोड तक 6.40 किमी एनपीआर के निर्माण पर 223.92 करोड़ और दिल्ली-मेरठ रोड से लोनी की ओर 3.5 किमी एनपीआर रोड के निर्माण पर 242.54 करोड़ खर्च होंगे। दूसरी ओर राजनगर एक्सटेंशन से सटे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम के निर्माण से क्षेत्र को लाभ मिलेगा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें