सुरेश ने रसोई का दरवाजा नहीं खोला तो परिवार के सदस्य रसोई की खिड़की से अंदर जाने लगे। इस दौरान सुरेश हाथ में लाइटर लेकर बोलने लगा कि अंदर मत आना वर्ना मैं लाइटर जला दूंगा। परिजनों को रसोई में आता देख सुरेश ने लाइटर जला दिया। लाइटर जलाते ही घर में धमाका हुआ और आग लग गई। आग फैलने पर रसोई से सटे बरामदे पर खडे़ परिवार के सदस्य और पड़ोसी झुलस गए।
सुरेश के भाई बृजपाल झुलसने के बाद भी अंदर घुसे और सिलिंडर को बाहर निकालकर नाले में डाल दिया। उन्हें डर था कहीं सिलिंडर फट ना जाए। आग लगने पर आसपास के और लोग आ गए। उन्होंने सभी घायलों को घर से बाहर निकाला। इस दौरान सूचना पाकर पुलिस भी मौके पर पहुंची। उन्होंने सभी घायलों को दिल्ली के जीटीबी अस्पताल में भर्ती कराया है।
ये झुलसे
घटना में सुरेश के साथ-साथ उनके भाई बृजपाल उर्फ पप्पू, पत्नी रितू, भाभी पूजा, बेटा डूग्गू (7), बेटी प्रियांशी (8), प्रियंका (5) पड़ोसी नरेश, योगेश और दीपक झुलस गए। जिस समय यह घटना हुआ थी उस समय घर पर यह सब लोग मौजूद थे। झुलसने के बाद सभी घायलों का दिल्ली के जीटीबी अस्पताल में इलाज चल रहा है। सुरेश के भाई बृजपाल की हालत गंभीर हैं। अन्य के बारे में दस से बीस प्रतिशत झुलसना बताया गया।
जांच कर होगी कार्रवाई
एसीपी रजनीश कुमार उपाध्याय ने बताया कि मामले में कोई तहरीर नहीं आई है। शुरुआती जांच में झगड़ा होने की जानकारी मिली है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।