लोनी बॉर्डर थाना क्षेत्र में बुलंदशहर के बुजुर्ग सूफी अब्दुल समद को बंधक बनाकर यातनाएं देने व दाढ़ी काटने के मामले में नया मोड़ आया है। घटना को अंजाम देने वाले आरोपी ऑटो सवार अज्ञात नहीं, बल्कि बुजुर्ग के ही जानकार थे। पुलिस के मुताबिक अब्दुल समद तंत्र-मंत्र और ताबीज बनाने का काम करते हैं।
बंथला निवासी मुख्य आरोपी प्रवेश गुर्जर ने काम-धंधे को लेकर उनसे ताबीज बनवाया था। काम धंधा नहीं चला, लेकिन पत्नी का गर्भपात हो गया। प्रवेश ने बदला लेने के लिए बुजुर्ग के साथ घटना को अंजाम दिया। प्रवेश के दस साथी भी घटना में शामिल थे। मुख्य आरोपी रंगदारी के मामले जेल में है। दो अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
सीओ लोनी अतुल कुमार सोनकर ने बताया कि बुलंदशहर के अनूपशहर निवासी सूफी अब्दुल समद के साथ मारपीट व दाढ़ी काटने की घटना में शामिल बेहटा हाजीपुर कॉलोनी निवासी आदिल खान व सरल कुंज कॉलोनी निवासी कल्लू गुर्जर को गिरफ्तार किया गया है। मुख्य आरोपी प्रवेश गुर्जर पहले ही रंगदारी मांगने के मामले में जेल जा चुका है।
पुलिस की जांच में आरिफ, आदिल, मुशाहिद, कल्लू, पोली समेत अन्य लोगों के नाम प्रकाश में आए हैं। प्रवेश को पुलिस कस्टडी रिमांड पर लिया जाएगा। सीओ के मुताबिक जांच में पता चला है कि अब्दुल समद ताबीज बनाने का काम करते हैं। लोनी क्षेत्र में उन्होंने सैकड़ों लोगों को ताबीज बनाकर दिए हैं।
काम-धंधा न चलने पर बंथला निवासी प्रवेश गुर्जर ने दोस्त से संपर्क किया, जिसने उसे अब्दुल समद से मिलवाया। अब्दुल समद से प्रवेश को ताबीज बनाकर दिया, लेकिन कुछ दिनों बाद ही उसकी पत्नी का गर्भपात हो गया। जानकार धर्मगुरु से संपर्क करने पर उसने ताबीज का दुष्प्रभाव बताया तो प्रवेश को गुस्सा आ गया और अब्दुल समद से बदला लेने की योजना बनाई।
पुलिस के मुताबिक पत्नी का गर्भपात होने पर प्रवेश परेशान हो गया। ऊपर से काम-धंधा भी नहीं चल रहा था। इसके चलते उसने फंदा लगाकर जान देने की कोशिश भी की थी। इतना कुछ होने के बाद प्रवेश ने अब्दुल समद से बदला लेने का फैसला लिया। गत 5 जून को फोन करके अब्दुल समद को बुलाया। प्रवेश का एक दोस्त अब्दुल को बाइक पर बंथला राम विहार कॉलोनी में ले आया। यहां प्रवेश गुर्जर ने अपने करीब 10 साथियों के साथ उनके साथ मारपीट की और दाढ़ी काटकर वीडियो भी बनाई।
किराए के लिए 100 रुपये दिए, मोबाइल भी लौटाया
आरोपियों ने मारपीट से पहले अब्दुल समद का मोबाइल फोन ले लिया था। बाद में लौटा दिया। वापस जाने के लिए किराए के लिए 100 रुपये भी दिए। यहां से वह ऑटो में बैठकर अपने घर के लिए रवाना हुए।
वीडियो एडिट कर सोशल मीडिया पर किया वायरल : सीओ
सीओ लोनी का कहना है कि सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो को एडिट किया गया है। वीडियो में ऑडियो को बंद किया गया है। वीडियो के कुछ हिस्सों को जोड़ा गया है। पूरी वीडियो को वायरल नहीं किया गया है। सच्चाई सामने न आ सके, इसके लिए वीडियो में से ऑडियो हटा दी गई है। सीओ का कहना है कि आरोपियों के पास पूरी वीडियो है। सभी को गिरफ्तार कर वीडियो के बारे में पुष्टि की जाएगी।
केस में धाराएं बढ़ाईं, वीडियो वायरल करने वाले भी नपेंगे
पुलिस ने पहले मारपीट का साधारण केस दर्ज किया था, लेकिन वीडियो वायरल होने पर धाराएं बढ़ा दी गई हैं। 342, 323, 504, 506 की धारा में दर्ज केस में अब धारा 295 ए, 147, 148, 149 बढ़ा दी गई है। वहीं, सीओ का कहना है कि वीडियो किसने वायरल की है, इसकी जांच की जा रही है। वहीं, आपत्तिजनक टिप्पणी के साथ वीडियो को शेयर करने वालों पर भी कार्रवाई की जाएगी। सीओ ने बताया कि किसी भी वीडियो को वायरल करने से पहले उसकी सत्यता को जानना चाहिए।
प्रवेश पर दोस्त ने ही कराया रंगदारी का मुकदमा
आरोपी प्रवेश गुर्जर बीते 12 जून को रंगदारी के मामले में जेल गया है। आरोपी के खिलाफ बेहटा हाजीपुर मौलाना आजाद कॉलोनी में रहने वाले इंतजार ने दो लाख रुपये की रंगदारी मांगने का आरोप लगाया था। पुलिस के मुताबिक इंतजार प्रवेश का दोस्त है। वहीं, अब्दुल समद ने सात जून को रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस का कहना है कि रंगदारी का केस दर्ज कराने का मकसद कुछ और तो नहीं था, इसकी भी जांच की जा रही है।
गाजियाबाद में बुजुर्ग से मारपीट और दाढ़ी काटने के मामले में मंगलवार को कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आमने-सामने आ गए। राहुल गांधी ने ट्वीट करके इशारों-इशारों में योगी सरकार पर निशाना साधा तो मुख्यमंत्री ने पलटवार करते हुए कहा कि राहुल ने जीवन में कभी सच नहीं बोला।
गाजियाबाद में हुई घटना को कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शर्मनाक बताया । उन्होंने ट्वीट करके कहा मैं ये मानने को तैयार नहीं हूं कि श्रीराम के सच्चे भक्त ऐसा कर सकते हैं। ऐसी क्रूरता मानवता से कोसों दूर है और समाज व धर्म दोनों के लिए शर्मनाक है।
इस पर सीएम योगी ने पलटवार करते हुए ट्वीट किया ‘प्रभु श्रीराम की पहली सीख है सत्य बोलना जो आपने कभी जीवन में किया नहीं। शर्म आनी चाहिए कि पुलिस द्वारा सच्चाई बताने के बाद भी आप समाज में जहर फैलाने में लगे हैं। सत्ता के लालच में मानवता को शर्मसार कर रहे हैं। उत्तर प्रदेश की जनता को अपमानित करना, उन्हें बदनाम करना छोड़ दें।’
यह था मामला
गाजियाबाद में एक बुजुर्ग शख्स के साथ मारपीट करने और जबरन उसकी दाढ़ी काटने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया था। इस वीडियो में अब्दुल समद नाम के एक 72 वर्षीय बुजुर्ग के साथ मारपीट की बात सामने आई है। पुलिस ने वीडियो का संज्ञान लेकर मामले की जांच शुरू की है। वहीं विपक्ष इसे लेकर सरकार की मंशा और कानून व्यवस्था पर सवाल उठा रहा है।
लोनी बॉर्डर थाना क्षेत्र के बेहटा हाजीपुर में अनूपशहर निवासी एक बुजुर्ग की दाढ़ी काटने और यातना देने के मामले में एआईएमआईएम के राष्ट्रीय अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने ट्वीट कर राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग से आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
अनूपशहर थाना क्षेत्र निवासी 70 वर्षीय अब्दुल समद के साथ हुई घटना की वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रही है। सोमवार को लोनी बॉर्डर पुलिस ने समद को साथ ले जाकर कुछ आरोपियों की शिनाख्त की कोशिश भी की थी। इसके बाद सोमवार देर रात समद अनूपशहर लौटे और मंगलवार को अलीगढ़ चले गए।
वहीं,एआईएमआईएम के अध्यक्ष व सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने इस वीडियो को अपने कमेंट के साथ ट्विटर पर पोस्ट किया। ओवैसी ने ट्वीट किया कि अब राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग इस प्रकरण में क्या कार्रवाई करेगा।
बुजुर्ग के घर पहुंचा कांग्रेस का प्रतिनिधिमंडल
अनूपशहर में कांग्रेस अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष इमरान प्रतापगढ़ी के निर्देश पर प्रदेश उपाध्यक्ष निजाम मलिक के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने पीड़ित बुजुर्ग के मोहल्ला मीरा स्थित घर पहुंचकर परिजनों से मुलाकात की और सहानुभूति जताई। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि कांग्रेस पूरी तरह से पीड़ित के साथ है। शादाब खान, नफीस बलौत, जोहा खान, मुन्शिज खां, जैद हबीब, वतन पंडित, यशवंत वाल्मिकि, नटवरलाल शर्मा, मोहन सरीन आदि मौजूद रहे।
गाजियाबाद के लोनी में वृद्ध के साथ युवकों द्वारा मारपीट करना और कैंची से दाढ़ी काटने की घटना पर उलमा ने सख्त नाराजगी का इजहार किया है। उलमा का कहना है की राष्ट्रपति को मामले का संज्ञान लेना चाहिए, साथ ही उन पुलिस अधिकारियों पर भी कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए, जिन्होंने मामले को दबाने का प्रयास किया।
जमीयत दावतुल मुसलीमीन के संरक्षक व प्रसिद्ध आलिम मौलाना कारी इस्हाक गोरा का कहना है कि शरारती तत्वों का वृद्ध से गैर मजहबी नारे लगवाने और मारपीट कर दाढ़ी काटना तथा वीडियो बनाकर वायरल करने का मकसद देश में सांप्रदायिक सौहार्द को खराब करना है। इसलिए मामले का राष्ट्रपति को संज्ञान लेना चाहिए और आरोपियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई के आदेश देने चाहिए।
इत्तेहाद उलमा-ए-हिंद के अध्यक्ष मौलाना मुस्तफा का कहना है कि देश में जगह जगह मॉब लिंचिंग हो रही हैं। फिरकापरस्त लोग परेशान कर रहे हैं। मुस्लिम समाज के बुजुर्ग व्यक्ति की दाढ़ी काटी दी गई। इसकी जितनी निंदा की जाए कम है।
सरकार को चाहिए कि वह दोषियों पर सख्त कार्रवाई करे। फतवा ऑनलाइन के चेयरमैन मुफ्ती अरशद फारुकी का कहना है कि गाजियाबाद के लोनी में वृद्ध अब्दुल समद की मारपीट कर दाढ़ी काटना आजाद भारत की निंदनीय घटना है, और यह चुनाव से पूर्व देश का माहौल खराब करने का षड्यंत्र है। इसलिए पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।