जेल में दो बंदियों की मौत की होगी सीबीसीआईडी जांच
गाजियाबाद। डासना जेल में दो बंदियों की विष से मौत के मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार (एनएचआरसी) ने डीजीपी को सीबीसीआईडी जांच कराने का निर्देश दिया है। सात जून 2021 को मसूरी थाना क्षेत्र के आरोपी शादाब उर्फ बाबू की डासना जेल में मौत हो गई थी। बिसरा जांच में इथाइल एल्कोहल और एल्यूमिनियम फास्फाइड विष की पुष्टि हुई थी। इसी थाना क्षेत्र निवासी रविंद्र की मौत जेल में 12 जून 2021 को हुई थी। उसकी बिसरा जांच रिपोर्ट में इथाइल एल्कोहल और आरमोनोक्लोरो इंसेक्टीसाइड विष की पुष्टि हुई थी।
डीआईजी के नेतृत्व में गठित जांच टीम ने 20 से 26 जून के बीच में डासना जेल की जांच की थी। राष्ट्रीय मानवाधिकार ने मामले की शिकायत करने वाले डासना जेल में कार्यरत तत्कालीन डॉ. नितिन का चार महीने का वेतन रोका जाना मानवाधिकार का उल्लंघन माना है। आयोग ने मुख्य सचिव को आदेश दिया है कि डॉ. नितिन को उचित मुआवजे के साथ वेतन जारी किया जाए। डासना जेल में 15 साल से कार्यरत मुख्य वार्डन शिवकुमार शर्मा की पांच साल में हुई शिकायतों की जांच कर रिपोर्ट मांगी है। सुप्रीम कोर्ट की प्रिजनर रिफार्म कमेटी द्वारा बंदियों के सुधार के लिए रिक्त पदों पर भर्ती, जेल से संबंधित एक मामले की सीडीओ विक्रमादित्य द्वारा की जा रही जांच रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया है। एनएचआरसी ने यह भी कहा है कि सभी रिपोर्ट छह सप्ताह में दाखिल की जाए नहीं तो संबंधित अधिकारी व्यक्तिगत रूप से उपस्थित हो।