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पांच पुलिसकर्मी, एक डॉक्टर समेत 89 मिले संक्रमित

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पांच पुलिसकर्मी, एक डॉक्टर समेत 89 मिले संक्रमित
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गाजियाबाद। जिले में संक्रमण का ग्राफ बढ़ता ही जा रहा है। पांच पुलिसकर्मी, एमएमजी अस्पताल के एक डॉक्टर समेत 89 लोग कोरोना संक्रमित मिले हैं। अगस्त में संक्रमितों की संख्या बढ़ने के साथ ही संक्रमण दर भी 0.69 फीसदी से बढ़कर 2.07 प्रतिशत हो गई है। 24 घंटे की संक्रमण दर 2.69 फीसदी है। इलाज के बाद 30 लोग डिस्चार्ज हुए हैं। इस समय जिले में 21 मरीज अलग-अलग अस्पताल और 350 घर पर इलाज करा रहे हैं।
हरसांव पुलिस लाइन में 24 घंटों के दौरान पांच पुलिसकर्मी संक्रमित हुए हैं। स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि पुलिस लाइन में संक्रमितों के घरों के पास शिविर लगाकर लोगों की जांच की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि संक्रमितों के संपर्क में आने वालों के साथ उनके आसपास के 50 घरों में लोगों की जांच की जा रही है, जिससे संक्रमण की चेन को तोड़ा जा सके।
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दिल्ली और एनसीआर में बढ़ रहा संक्रमण
इस समय जिले के अलावा गौतमबुद्धनगर और दिल्ली में भी संक्रमण बढ़ रहा है। दूसरी लहर के बाद शासन स्तर से जिले में 600 से ज्यादा सक्रिय मरीज होने पर मास्क अनिवार्य कर सख्ती शुरू हुई थी। तीसरी लहर के दौरान भी केवल मास्क और सोशल डिस्टेंसिंग को लेकर मामूली सख्ती बरती गई थी। अधिकारियों का कहना है कि जब तक मरीजों का घर पर ही उपचार हो रहा है तब तक सख्ती बरतने की जरूरत नहीं है।
3200 से 3500 लोगों की हो रही है जांच
जिले में इस समय प्रतिदिन औसतन 3500 लोगों की जांच हो रही है। अधिकारियों का कहना है कि लोग जांच कराने से बच रहे हैं। विभाग की ओर से जो संक्रमित मिल रहे हैं, उनके संपर्क वालों की जांच कर रहा है। संक्रमण बढ़ने पर बाजार, रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड पर रेंडम कोविड टेस्टिंग को लेकर प्लानिंग की जा रही है।
सार्वजनिक स्थानों पर नहीं लगा रहे लोग मास्क
घरों के बाहर निकलने पर और भीड़ भाड़ वाली जगहों पर जाने पर भी लोग मास्क का प्रयोग नहीं कर रहे हैं। बाजारों में दुकानदार और ग्राहक मास्क का प्रयोग नहीं कर रहे हैं। जिससे संक्रमण फैलने का खतरा बना हुआ है। इसके अलावा कोरोना की तीसरी लहर बेहद हल्की रही थी।
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संक्रमितों की संख्या बढ़ रही है। इसमें लोगों को सावधानी बरतने की जरूरत है, जो नए संक्रमित मिल रहे हैं, उनमें गंभीर लक्षण नहीं आ रहे हैं। वह तीन से चार दिन में स्वस्थ हो रहे हैं। अभी गाइड लाइन के अनुसार सात दिन के उपचार के बाद ही संक्रमित को स्वस्थ माना जाता है। 14 दिन का होम आइसोलेशन जरूरी है।
- डॉ. भवतोष शंखधार, सीएमओ
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