एमसीडी कर्मी का अपहरण किया, पुलिस ने छुड़ाकर शांति भंग में किया चालान
मुरादनगर। गाजियाबाद के ब्रज विहार इलाके से बृहस्पतिवार रात तीन लोगों ने एमसीडी कर्मी मुकेश का कार में अपहरण कर लिया। सात घंटे तक सड़कों पर घुमाते रहे और पीटते रहे। दुहाई ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे पुल के नीचे पुलिस को देखकर पीड़ित ने शोर मचा दिया। करीब एक किमी पीछा करने के बाद पुलिस ने कार की घेराबंदी कर मुकेश को छुड़ा लिया। एक आरोपी को गिरफ्तार भी कर लिया। पुलिस ने अपहरण की कार्रवाई न करके आरोपी का शांति भंग में चालान किया। हालांकि छोड़ने के बाद आरोपी को फिर से हिरासत में ले लिया है।
सी-365 ब्रज विहार कॉलोनी निवासी मुकेश का कहना है कि वह दिल्ली एमसीडी में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी हैं। बृहस्पतिवार शाम करीब सात बजे तीन लोगों ने उन्हें घर से बुलाया। बाहर आते ही उन्हें स्विफ्ट कार में खींचकर अगवा कर लिया। इसके बाद आरोपी उन्हें सड़क पर घुमाते रहे और पीटते रहे। इसी दौरान दुहाई ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे पुल के नीचे उसने पुलिस खड़ी देख शोर मचा दिया। पुलिस ने कार का पीछा शुरू कर दिया। मुरादनगर एसएचओ अमित कुमार ने बताया कि बृहस्पतिवार रात करीब तीन बजे दुहाई ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे पुल के नीचे पुलिस की पीआरवी खड़ी थी। इसी बीच गाजियाबाद की तरफ से एक कार दुहाई पुल के पास पहुंची तो उसमें बचाओ-बचाओ की आवाज आई। इसके बाद पीआरवी ने कार का पीछा किया। करीब एक किमी दूर मिलक दुहाई गांव के पास ओवरटेक कर कार को रोक लिया गया। दो युवक मौके से फरार हो गए। जबकि एक को पकड़ लिया। कार में बदहवाश हालत में चीख रहे एमसीडी कर्मी मुकेश को पुलिस थाने ले आई।
शांतिभंग में चालान, दोबारा हिरासत में लिया
पकड़े गए आरोपी की पहचान रामपुरी निवासी कालू उर्फ काली के रूप में हुई है। गौर करने वाली बात यह है कि अगवा कर मारपीट करने के मामले में पुलिस ने आरोपी के खिलाफ सिर्फ शांतिभंग की कार्रवाई की। हालांकि, शांतिभंग में जमानत मिलते ही पुलिस ने आरोपी को फिर से हिरासत में ले लिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मुकेश ने शुरूआत में मारपीट की घटना बताई थी, जिसके चलते शांतिभंग में कार्रवाई की गई। उसने अपहरण की घटना बताई तो लिंक रोड थाना क्षेत्र की घटना होने के कारण वहां की पुलिस को सूचना दे दी गई। आगामी कार्रवाई लिंक रोड पुलिस द्वारा की जानी है।
सात घंटे तक कार में घुमाते रहे, सोती रही कई थानों की पुलिस
अपहरणकर्ता बृहस्पतिवार शाम 7 बजे से एमसीडी कर्मी मुकेश को कार में डालकर इधर-उधर घुमाते रहे। करीब सात घंटे तक आरोपी सड़क पर रहे, लेकिन कई थानों की पुलिस सोती रही। मुरादनगर में पुलिस को देख शोर मचाया, तब जाकर पुलिस ने कार का पीछा कर मुकेश को छुड़ाया।
आपसी रंजिश में घटना को दिया अंजाम
एसपी ग्रामीण डॉ. ईरज राजा ने बताया कि पीड़ित और आरोपी आपस में परिवार के ही लोग हैं। जिनमें रुपये के लेन-देन के विवाद चल रहा है। इसी रंजिश में आरोपियों ने घटना को अंजाम दिया। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस को गहनता से जांच का निर्देश दिया है। कार्रवाई की जा रही है।