मूलरूप से सुमित चौधरी निवाड़ी थाना क्षेत्र के गांव उजैड़ा का रहने वाला है। सुमित ने बताया कि उसने 10 मार्च को गांव की ही रहने वाली एक युवती से मेरठ कोर्ट में शादी की थी। दोनों हाल में कविनगर थाना क्षेत्र के मानसरोवर पार्क में रह रहे थे। सुमित ने 20 जुलाई को कविनगर थाने में पत्नी की गुमशुदगी दर्ज कराई। 18 दिन बाद भी वह नहीं लौटी तो सुमित ने एक सुसाइड नोट लिखकर एसएसपी कार्यालय पहुंचकर जान देने के लिए पहुंचा।
एक तरफ सुमित पुलिस पर उनकी पत्नी की तलाश नहीं करने का आरोप लगा रहा था तो दूसरी तरफ सुमित ने अपनी पत्नी पर ही उसे फंसाने का आरोप लगाया। सुमित के पास से मिले नोट में उसने लिखा कि उन दोनों के बीच कहासुनी हो गई थी इस कारण वह चली गई। कविनगर पुलिस का कहना है कि मेडिकल जांच कराई गई है। युवक ने कुछ पदार्थ खाया है। सैंपल लेकर मेडिकल जांच के लिए भेजा गया है।
सुसाइड नोट में लिखा जीना नहीं चाहता
सुमित ने एसएसपी कार्यालय पहुंचा तो एक सुसाइड नोट लिखकर ले गया। उसने लिखा कि वह जीना नहीं चाहता उसकी पत्नी ने कुछ लोगों के साथ मिलकर उसे फंसाने की साजिश रची है और वह उसे छोड़कर चली गई है। वह अकेला हो गया है इसलिए जीना नहीं चाहता और जान दे रहा हूं।
युवती ने दो दिन पहले डीएम के यहां दी थी शिकायत
कविनगर पुलिस का कहना है कि युवती की तलाश की तो पता चला कि युवती और उसके परिजनों ने दो दिन पहले जिलाधिकारी के यहां युवक के खिलाफ शिकायत दी थी। आशंका है कि युवक ने अपने बचाव में इस तरह की हरकत की है हालांकि युवती पक्ष को बुलाया गया है। इसके बाद ही मामला स्पष्ट हो सकेगा।