एम्स में स्टाफ नर्स की नौकरी के नाम पर लाखों ठगे
गाजियाबाद। एम्स दिल्ली में स्टाफ नर्स की नौकरी दिलाने के नाम पर एमएमजी अस्पताल की वार्ड आया समेत चार लोगों से लाखों रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। इस संबंध में थाना बादलपुर, गौतमबुद्धनगर के ग्राम बंबावड़ निवासी वार्ड आया कुमारी रेणु ने एसएसपी से शिकायत की थी। एसएसपी के आदेश पर नगर कोतवाली पुलिस ने दीपक नाम के युवक के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया है।
रेणु का कहना है कि वह अगस्त 2019 से एमएमजी अस्पताल गाजियाबाद में वार्ड आया की नौकरी कर रही है। जून 2020 में जिला एमएमजी अस्पताल में उसकी मुलाकात दीपक नाम के युवक से हुई। दीपक ने बताया कि एम्स दिल्ली में स्टाफ नर्स के पद पर भर्ती चल रही है। वहां उसकी सेटिंग है। अगर कोई इच्छुक हो तो वह उसकी नौकरी वहां लगवा सकता है। रेणु का कहना है कि दीपक की बातों पर भरोसा करके उसने अपनी सहेलियों व दोस्तों से एम्स में नौकरी के संबंध में बात की तो उन्होंने भी भर्ती होने की इच्छा जाहिर की। इस पर दीपक ने बताया कि प्रत्येक व्यक्ति के हिसाब से 40 हजार रुपये देने होंगे। वह दीपक को पैसे देने के लिए राजी हो गई। रेणु का कहना है कि उसकी और तीन अन्य लोगों की भर्ती के लिए दीपक ने एक लाख 60 हजार रुपये और दस्तावेज मांगे। जिसके बाद 15 सितंबर 2020 से 29 सितंबर 2020 तक दीपक को एक लाख 17 हजार रुपये दे दिए गए। दीपक ने तीन महीने में एम्स में नौकरी लगवाने का वादा किया था। निर्धारित समय बीतने के बाद दीपक से फोन पर बात की तो उसने साफ कह दिया कि वह इसी तरह लोगों से नौकरी के नाम पर रकम ऐंठता है।
पुलिस में बताई पहुंच, हत्या की धमकी दी : रेणु का आरोप है कि दीपक ने नौकरी लगवाने से साफ इनकार कर दिया। पैसे मांगने पर धमकी दी कि अगर दोबारा नौकरी या रुपयों के संबंध में बात की तो वह हत्या करा देगा। उसने यह भी कहा कि पुलिस में उसकी अच्छी पहुंच है। कोई उसका कुछ नहीं बिगाड़ सकता। नगर कोतवाल संदीप सिंह का कहना है कि आरोपी दीपक के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मोबाइल नंबर के आधार पर उसे ट्रेस कर गिरफ्तार किया जाएगा।