इंदिरापुरम। लीबिया में सीमेंट कारोबारी को फर्जी बिल पर घटिया माल देकर 160 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी में इंदिरापुरम पुलिस ने कंपनी और उसके तीन लोगों पर मुकदमा दर्ज किया है। कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। कारोबारी ने 30 नवंबर 2021 को मामले में लिखित शिकायत दी थी लेकिन अधिकारियों ने जांच का आश्वासन देकर मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया था।
नई दिल्ली के रहने वाले सलील भट्टाचार्य का लीबिया में सीमेंट का कारोबार है। वहां उन्होंने सीमेंट के कई प्लांट लगा रखे हैं, जिनसे सीमेंट का उत्पादन किया जाता है। उन्होंने पुलिस को दी शिकायत में कहा है कि सीमेंट के कारोबार के लिए वह कच्चा माल और मशीन के कलपुर्जे भारत की दो कंपनियों से खरीदते हैं। यह करार सेमटेक कंपनी के संयुक्त निदेशक शैलेंद्र कुमार जैन, सुबोध कुमार जैन से कई वर्ष पहले हुआ था लेकिन दोनों ने रोबर्ट ग्रैहम सोलोमन व क्लास फाएडिगर के साथ मिलकर शिकायतकर्ता की कंपनी के साथ बेइमानी से 160 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी कर ली। इसका पता चलने पर कंपनी ने अपने स्तर से जांच कराई। जांच में दोनों ने अपनी गलती मान ली। इसके पहले 18 मार्च 2021 को कंपनी की इंटरनल जांच में सुबोध जैन, शैलेंद्र कुमार जैन और राबर्ट ग्रैहम ने शामिल होकर अपना पक्ष रखा लेेकिन क्लास फाएडिगर जांच में शामिल नहीं होकर आरोपों को मजबूत कर दिया।
आरोप है कि सुबोध और शैलेंद्र ने दो कंपनियां बना रखी हैं, जिनके नाम से फर्जी बिल बनाकर उनसे 160 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की। फिलहाल कारोबारी ने मामले में कानूनी कार्रवाई के लिए तत्कालीन एसएसपी, एसपी सिटी और अन्य अधिकारियों को शिकायत दी लेकिन इंदिरापुरम कोतवाली पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया। बाद में उन्होंने न्यायालय में वाद दायर कर न्याय की गुहार लगाई। अब कोर्ट के आदेश पर इंदिरापुरम कोतवाली में शैलेंद्र कुमार जैन, सुबोध कुमार जैन, राबर्ट ग्रैहम सोलोमन व क्लास फाएडिगर के खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी व अन्य धारा में मुकदमा कराया है। एसीपी इंदिरापुरम स्वतंत्र कुमार सिंह का कहना है कि कोर्ट के आदेश पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच कर रहे हैं।