गाजियाबाद। कोहरे ने यातायात की रफ्तार थाम दी है। दृश्यता घटने से ट्रेनें घंटों देरी से चल रही हैं। हवाई सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। सड़कों पर भी वाहन रेंगते नजर आ रहे हैं। रेलवे स्टेशन, बस अड्डों और एयरपोर्ट पर यात्री इंतजार की घड़ियां गिनने के लिए मजबूर हैं।
शनिवार आधी रात से लेकर रविवार दोपहर करीब 12 बजे तक 95 फीसदी ट्रेनें अपने निर्धारित समय से साढ़े 10 घंटे तक देरी से गाजियाबाद पहुंचीं। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इस दरमियान लगभग 75 ट्रेनें आईं। इनमें से 70 अपने निर्धारित समय से देरी से पहुंचीं। सुबह आने वाली ट्रेनें शाम और शाम को आने वाली ट्रेनें सवेरे आईं।
ऊंचाहार एक्सप्रेस सबसे ज्यादा साढ़े 10 घंटे देरी से आई। इसको यहां तड़के तीन बजे पहुंचना था, लेकिन दिन में डेढ़ बजे आई। इसी तरह सुहेलदेव सुपरफास्ट साढ़े सात घंटे, आनंद विहार टर्मिनल सद्भावना एक्सप्रेस नौ घंटे नौ मिनट, वैशाली एक्सप्रेस आठ घंटे देरी से आई। शाम को भी 20 से अधिक ट्रेनें अपने निर्धारित समय से चार घंटे तक देरी से आईं।
सुरक्षित यात्रा के लिए कोहरे में ट्रेनें धीमी गति से चलाई जा रही हैं। मौसम साफ होने पर इसमें सुधार हो जाएगा।
-हिमांशु शेखर अग्रवाल, सीपीआरओ, नॉर्दर्न रेलवे
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ये ट्रेनें भी देरी से आईं
ट्रेन, देरी
लोकनायक एक्सप्रेस, दो घंटे
मथुरा-गाजियाबाद ईएमयू, दो घंटे 11 मिनट
आला हजरत एक्सप्रेस, एक घंटे 47 मिनट
हाथरस किला-दिल्ली मेमू, तीन घंटे 34 मिनट
नई दिल्ली सुपरफास्ट, डेढ़ घंटे
दिल्ली इंटरसिटी एक्सप्रेस, एक घंटे 23 मिनट
नई दिल्ली गाजियाबाद ईएमयू, एक घंटे 14 मिनट