डासना। ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे के टोल प्लाजा पर भारतीय किसान यूनियन (अजगर) ने अपनी छह सूत्रीय मांगों को लेकर 45 मिनट तक प्रदर्शन किया। सूचना पर वेव सिटी व मसूरी पुलिस मौके पर पहुंची और किसानों को समझाकर शांत किया। किसानों ने अपनी मांगों का ज्ञापन टोल मैनेजर को सौंपा। किसानों ने कहा कि यदि जल्द मांगे नहीं मानी गईं तो धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। इस दौरान एक्सप्रेसवे पर लंबा जाम लगा रहा।
भारतीय किसान यूनियन (अजगर) के किसानों ने शुक्रवार को ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे के टोल बूथ पर धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। भारतीय किसान यूनियन अजगर के युवा प्रदेशाध्यक्ष अतुल यादव ने कहा कि किसानों की जमीनों पर बनाया गए एक्सप्रेस वे से किसानों को फायदा नहीं हो रहा है। क्षेत्रीय किसान अगर टोल से अपने वाहन से गुजरते हैं तो टोल बूथ पर बाउंसर लगा रखे हैं जो बदतमीजी करते हैं। उन्होंने कहा कि केवल दो ही समाधान हैं या तो हमें जेल में डाल दो या हमारी मांगें पूरी करो। टोल बूथ के मैनेजर गौरव चौधरी को दिए ज्ञापन में किसानों ने छह मांगे रखीं हैं।
प्रमुख मांगें
किसानों के ट्रैक्टर-ट्राॅली व खेती के उपकरण को टोल फ्री किया जाए, क्षेत्रीय किसानों के वाहनों को आईडी के आधार पर बिना टोल टैक्स के निकाला जाए, सभी दो पहिया वाहन टोल फ्री हों, टोल प्लाजा पर 40 प्रतिशत रोजगार क्षेत्रीय युवाओं को दिया जाए, पत्रकारों से टोल शुल्क न लिया जाए, फौजियों को भी टोल फ्री निकाला जाए। इस अवसर पर विनीत यादव, राजबीर प्रधान, राकेश कसाना, राहुल यादव, दीपक शर्मा, अशोक चौधरी, बाबूराम फौजी, सौरभ चंदीला, पवन गुर्जर, कपिल नागर, अरुण यादव, समीर चौधरी आदि किसान मौजूद रहे।