मोहर्रम के जुलूस और रूट डायवर्जन के चलते बुधवार को दोपहर दो बजे से देर शाम 8 बजे तक जाम के हालात रहे। इसके बाद ही यातायात सामान्य हो सका। जीटी रोड, हापुड़ रोड और अंबेडकर रोड पर वाहन रेंग-रेंगकर चल रहे थे।
कई मार्गों पर तो पैदल निकलना भी दुश्वार हो रहा था। रूट डायवर्जन की वजह से जीटी रोड पर रेलवे रोड से किसी भी वाहन को घंटाघर की तरफ नहीं जाने दिया जा रहा था। इसी तरह बजरिया रोड कट से भी वाहन घंटाघर की तरफ नहीं जा रहे थे।
मेरठ तिराहे से भी वाहनों को पुराना बस अड्डा और हापुड़ मोड़ की ओर नहीं आने दिया गया, जिससे मेरठ रोड, घूकना मोड़ और एएलटी पर वाहनों का दबाव बढ़ने से जाम लगा। गोशाला फाटक से वाहनों को जस्सीपुरा की तरफ नहीं आने दिया गया, इससे एनएच-24 पर वाहनों का दबाव बढ़ा, जिससे शाम को जाम लगा। पुलिस ने चौधरी मोड़, घंटाघर, जस्सीपुरा मोड़ पर बैरिकेडिंग की हुई थी।
पुख्ता रही पुलिस व्यवस्था
मोहर्रम के जुलूस के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता करने के लिए दो सीओ, चार एसएचओ/एसओ, 31 दरोगा, 13 हेड कांस्टेबल, सात महिला उपनिरीक्षक, 20 महिला कांस्टेबल, 300 सिपाही, 30 होमगार्ड, तीन कंपनी पीएसी और स्वाट टीम की ड्यूटी लगाई गई थी।