फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ghaziabad: मसूरी के मसौता में दो पक्षों में विवाद, गाड़ियों में हुई तोड़फोड़, पलायन के लगे पोस्टर, फोर्स तैनात

Mon, 15 Sep 2025 06:35 PM IST
आकाश दुबे अमर उजाला नेटवर्क, मसूरी (गाजियाबाद)

सार

पथराव के बाद से गांव में तनाव का माहौल है। गलियों में जगह-जगह पत्थर बिखरे पड़े हैं और महिलाएं, बच्चे डरे-सहमे हैं। सुरक्षा की दृष्टि से थाना मसूरी, मुरादनगर, वेव सिटी, क्रॉसिंग व मोदीनगर की पुलिस के अलावा पीएसी भी गांव में तैनात है।
विज्ञापन
मसूरी के मसौता में दो पक्षों में विवाद - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद के मसूरी क्षेत्रांतर्गत मसौता गांव में रविवार रात बाइक को लेकर हुए विवाद में ठाकुर और दलित समाज के लोग आमने-सामने आ गए। जिसमें भीम आर्मी के जिलाध्यक्ष व आजाद समाज पार्टी (आसपा) के जिलाध्यक्ष की गाड़ियों में तोड़फोड़ की गई, पूरे गांव में दहशत है। पत्थरबाजी में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। गांव में पुलिस-पीएसी तैनात की गई है। पुलिस ने दोनों पक्षों के तीन-तीन नामजद और 15-20 अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। पुलिस ने पूछताछ के लिए कुछ लोगों को हिरासत में लिया है।

विज्ञापन

रविवार रात करीब 8 बजे गांव का माहौल अचानक बिगड़ गया। सविता के रिश्तेदार बृजेश ने बताया कि जब वे घर पर बैठे थे, तभी चारों तरफ से अचानक पत्थरबाजी शुरू हो गई। ग्रामीण महिला संगीता ने कहा, पत्थर इतने तेज फेंके जा रहे थे कि हम छोटे-छोटे बच्चों को लेकर घरों में छिप गए। डर से किसी की हिम्मत बाहर निकलने की नहीं हुई। वहीं, ग्रामीण योगेश ने आरोप लगाया कि ठाकुर समाज ने एकतरफा हमला किया और दलितों को निशाना बनाया। वहां पहुंचे भीम आर्मी के जिलाध्यक्ष संजीव कुमार की कारों तथा आजाद समाज पार्टी के जिलाध्यक्ष अशोक सम्राट की टियागो भी क्षतिग्रस्त होगी। संजीव कुमार ने बताया कि किसी के घर में छिपकर किसी तरह अपनी जान बचाई। घटना की सूचना मिलते ही डीसीपी, एसीपी और कई थानों की पुलिस फोर्स मौके पर पहुंच गई। कार्यवाहक एसीपी अमित सक्सेना ने बताया कि बाइक विवाद के चलते दो पक्षों में तनाव हुआ और पथराव की घटना सामने आई। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई कर हालात को काबू में किया और स्थिति अब नियंत्रण में है।

पुलिस उपनिरीक्षक अमित कुमार शर्मा ने बताया कि इस विवाद में प्रथम पक्ष के अरुण पुत्र जीतपाल, चंद्रबोस का छोटा लड़का और नरेश पुत्र जसवीर शामिल हैं, जबकि द्वितीय पक्ष के जगवीर पुत्र गुल्ला, सचिन पुत्र हरवीर और रणवीर पुत्र जयप्रकाश का छोटा बेटा सहित दोनों पक्षों के 15–20 अज्ञात लोग नामजद किए गए हैं। सभी पर एक-दूसरे पर हमला करने, गाली-गलौज, ईंट-पत्थर चलाने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप है।
विज्ञापन

पथराव के बाद से गांव में तनाव का माहौल है। गलियों में जगह-जगह पत्थर बिखरे पड़े हैं और महिलाएं, बच्चे डरे-सहमे हैं। सुरक्षा की दृष्टि से थाना मसूरी, मुरादनगर, वेव सिटी, क्रॉसिंग व मोदीनगर की पुलिस के अलावा पीएसी भी गांव में तैनात है। मामले की गंभीरता को लेकर सोमवार को अतिरिक्त पुलिस आयुक्त भी मसौता गांव में पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें