गाजियाबाद। राजनगर एक्सटेंशन निवासी व्यक्ति ने एक निजी अस्पताल के खिलाफ शिकायत की है कि ऑपरेशन के बाद भी पथरी नहीं निकली। ऑपरेशन के एक हफ्ते बाद से ही दुबारा दर्द उठने लगा। दूसरे चिकित्सक को दिखाया तो पथरी निकली। व्यक्ति ने सीएमओ से की शिकायत की है। राजनगर एक्सटेंशन निवासी मयंक सक्सेना (29) एक निजी कंपनी में नौकरी करते हैं। उन्होंने बताया कि पेट में दर्द होने पर एमएमजी अस्पताल में चिकित्सक को दिखाया गया जिससे पता चला कि किडनी में 13.8 एमएम की पथरी है। वह लेजर के जरिए ऑपरेशन कराना चाहते थे और एमएमजी में इसकी सुविधा नहीं है इसलिए वह पटेलनगर के एक निजी अस्पताल में पांच मार्च को ऑपरेशन कराया। उन्होंने बताया कि आठ मार्च को अस्पताल से छुट्टी हो गई लेकिन पांच से छह दिन बाद ही दर्द उठने लगा। फिर अस्पताल गए तो उन्होंने किडनी में इंफेक्शन बताते हुए 14 मार्च को दोबारा भर्ती कर लिया। दर्द की दवा लेने के बाद भी जब दर्द कम नहीं हुआ तो अल्ट्रासाउंड कराया गया। जिसमें 7.2 और 5.2 एमएम की पथरी निकली। जब चिकित्सक को दिखाया गया तो उन्होंने रिपोर्ट सही न मानते हुए दुबारा एक्सरे और सीटी स्कैन कराने को कहा उस जांच रिपोर्ट में भी पथरी मिली। जब इसकी जानकारी देने वह अस्पताल पहुंचे तो चिकित्सक उनसे नहीं मिले। पीड़ित ने पुलिस को तहरीर दे दी है। बुधवार को उन्होंने सीएमओ कार्यालय में भी शिकायत दी। पीड़ित ने बताया कि इलाज में उनके 83,700 रुपए खर्च हो गए हैं। उसके बाद भी इलाज नहीं हो पाया है। सीएमओ डॉ.भवतोष शंखधर ने कहा कि शिकायत के आधार पर जांच कराई जाएगी।