गाजियाबाद। शातिरों ने डेढ़ करोड़ की कीमत की 500 वर्ग गज जमीन की फर्जी पॉवर ऑफ अटॉर्नी तैयार कराकर उसका बैनामा आठ लोगों को कर दिया। खरीदार जब जमीन पर कब्जा लेने पहुंचे तो जमीन के मालिक को इसका पता चला। मामले में उन्होंने पांच लोगों को नामजद करते हुए कुल 10 के खिलाफ सिहानी गेट थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने छानबीन शुरू कर दी है।
गौतमबुद्धनगर के बादलपुर अच्छेजा गांव निवासी राहुल नागर ने बताया कि उनके पिता करतार सिंह नागर की 22 अगस्त 2022 को मौत हो गई। इसके बाद उनको पता चला कि उनके पिता के नाम की 500 वर्ग गज जमीन पर कुछ लोगों ने निर्माण कार्य शुरू कर दिया है। विरोध जताने पर निर्माण करने वालों ने बताया कि उनके पास जमीन के बैनामे हैं। रजिस्ट्री कार्यालय में जाकर जानकारी करने पर पता चला कि भरत निवासी सादाेपुर और सोनू क्रॉसिंग रिपब्लिक ने गाजियाबाद के रजिस्ट्री कार्यालय में उनके पिता के नाम से 20 जुलाई 2022 को जमीन की फर्जी पावर ऑफ अटॉर्नी तैयार करा ली।
उनके पिता के स्थान पर किसी दूसरे व्यक्ति को खड़ा कर दिया और फोटो खिंचवा दिए। उसी आधार पर इन लोगों ने अगले ही दिन 21 जुलाई को पांच और उनके पिता की मौत के बाद तीन लोगाें को टुकड़ों में बैनामे किए। रजिस्ट्री कार्यालय से पावर ऑफ अटॉर्नी की नकल लेने के बाद मामले में उन्होंने पुलिस कमिश्नर से शिकायत की थी, पुलिस कमिश्नर के आदेश पर मामले में सिहानी गेट थाने में पुलिस ने भारतीय दंड संहिता की धारा 420, फर्जी दस्तावेज तैयार करने की धारा 467, 468 के तहत रिपाेर्ट दर्जकर जांच शुरू कर दी। इस बारे में एसीपी रवि कुमार सिंह ने बताया कि शिकायतकर्ता से बैनामे के दस्तावेज मांगे गए हैं। साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई सुनिश्चित होगी।
सात लाख रुपये हड़पने का आरोप लगाया :
गोविंदपुरम में जीडीए से आवंटित आवास को बेचने के नाम पर सात लाख रुपये हड़पने की घटना सामने आई है। मामले में पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी। गोविंदपुरम निवासी रामचरित्र ने बताया कि जीडीए ने मकान राजकुमार राणा को आवंटित किया था। राजकुमार राणा से उन्होंने मकान खरीद लिया। जीडीए का सभी बकाया भी उन्होंने चुका दिया। इसी दौरान मदन पाल नरेंद्र निवासी गोविंदपुरम ने उनसे मिलकर कहा कि वह मकान को बिकवा सकते हैं। उनकी बातों में आकर उन्होंने मकान का बेच दिया, लेकिन उसके सात लाख रुपये आज तक नहीं चुकाए। काफी समय से वह उनको आज कल आजकल कहकर टालते रहे, लेकिन अब लौटाने से साफ इन्कार कर दिया और जान से मारने की धमकी दे रहे हैं।