चिनाई मिस्त्री और ठेकेदार बत्तन के इकलौते बेटे अर्जुन (2) का सोमवार दोपहर अपहरण कर लिया गया। आरोप ठेकेदार के ही दो श्रमिकों पर है। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है, आरोपियों की तलाश की जा रही है। देर रात तक फिरौती के लिए रकम नहीं मांगी गई थी।
मध्यप्रदेश में रहने वाले बत्तन यहां सौभाग्यपुरम में किराए पर पत्नी मनीषा और बेटे अर्जुन के साथ रहते हैं। बत्तन और मनीषा सौभाग्यपुरम में एक मकान के प्रथम तल पर चिनाई का काम कर रहे थे। ग्राउंड फ्लोर पर उनका बेटा अर्जुन था, जिसे दो मजदूर अपने साथ ले गए।
ठेकेदार को आधे घंटे बाद इसका पता चला, उन्होंने एक मजदूर को कॉल कर अर्जुन के बारे में जानकारी की। आरोपी ने कहा कि चिंता मत करो, एक घंटे में अर्जुन को लेकर आ जाऊंगा। फिर मोबाइल स्विच्ड ऑफ कर लिया।
आरोपी के खिलाफ मसूरी थाने में शिकायत की गई, पुलिस ने जल्द ही अर्जुन की सकुशल बरामदगी का आश्वासन दिया है। पुलिस का दावा है कि आरोपियों ने पहले से ही इसका प्लान तैयार किया था, साजिश के तहत कुछ दिनों से नाम बदलकर ठेकेदार के पास काम कर रहे थे।
आरोपियों से एक गोरखपुर का रहने वाला है, वह मिसलगढ़ी में किराए पर पत्नी के साथ रहता था। पत्नी को दो महीने पहले ही वह गोरखपुर भेज चुका था। पुलिस ने उसके घर दबिश दी तो इसका पता चला। मकान मालिक के पास कोई आईडी प्रूफ भी नहीं है, जिससे उसका एड्रेस ट्रेस करने में पुलिस को दिक्कत हो रही है।