गंगापुरम में डेयरी संचालक सतेंद्र तेवतिया ने कार में बैठी पत्नी राजकुमारी (33) की तीन गोलियां मारकर हत्या कर दी। इसके बाद पत्नी के शव को कार में रखकर ससुराल पहुंचा, जहां उसने सास इंद्रवती (60) को भी तीन गोलियां मारीं, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गईं।
उन्हें सर्वोदय अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बाद में आरोपी ने गोविंदपुरम चौकी जाकर सरेंडर कर दिया। पुलिस ने उसके पास से पिस्टल, तमंचा और कार बरामद की है। उससे पूछताछ की जा रही है।
राजकुमारी पुत्री ओमवीर सिंह बी-16 कृष्णा गार्डन गोविंदपुरम थीं। ओमवीर सिंह सरकारी स्कूल से रिटायर्ड टीचर हैं। पांच दिसंबर 2003 को मसूरी के गंगापुरम के रहने वाले रिटायर्ड दरोगा सतपाल तेवतिया के बेटे सतेंद्र तेवतिया से राजकुमारी की शादी हुई थी।
सतेंद्र मूलरूप से दादरी गौतमबुद्धनगर का रहने वाला है और मसूरी स्थित घर पर दूध की डेयरी चलाता है। इन दोनों के गुनगुन (10), जानकी (6) और प्रिंस (4) बच्चे हैं। ओमवीर का कहना है कि शादी के बाद से सतेंद्र और उसके परिजन दहेज की मांग कर रहे थे।
बुधवार शाम करीब पौने पांच बजे सतेंद्र और उनकी बेटी राजकुमारी के बीच कहासुनी हो गई। सतेंद्र ने सास इंद्रवती को फोन कर बताया कि वह राजकुमारी को लेकर ससुराल आ रहा है, लेकिन घर से निकलकर 50 मीटर आगे ही सतेंद्र ने कार की पिछली सीट पर बैठी राजकुमारी के सिर और पेट में तमंचे से तीन गोलियां मारीं, जिससे उसकी मौत हो गई। इसके बाद वह उसके शव को कार में लेकर आधा घंटा घूमता रहा।
शाम करीब सवा पांच बजे ससुराल कृष्णा गार्डन पहुंचा और वहां गाली-गलौज करते हुए इंद्रवती पर तमंचे से गोली चलाने की कोशिश की, मगर गोली तमंचे में अटक गई, फायर नहीं हुआ। इसके बाद वह कार से पिस्टल निकालकर लाया और सास को तीन गोली मार दीं।
इस बीच एक पड़ोसी ने छत से गमला फेंककर मारा, जो सतेंद्र के सिर में लगा, जिससे वह घायल हो गया। वह कार लेकर गोविंदपुरम चौकी पहुंचा और पुलिस को बताया कि कार में उसकी पत्नी की लाश पड़ी है, उसे गिरफ्तार कर लिया जाए।
दूसरी तरफ, आसपास के लोगों ने इंद्रवती को अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उनका उपचार चल रहा है। एसएचओ हेमंत राय ने बताया कि आरोपी मानसिक रूप से डिस्टर्ब भी लग रहा है। उसकी जांच कराई जाएगी।
मैं नहीं मारता तो पत्नी मुझे मरवा देती: आरोपी
आरोपी सतेंद्र ने बताया कि उसकी शादी के बाद से उसकी पत्नी का आचरण आपत्तिजनक था। उसने उसे समझाया, मगर वह नहीं मानती थी। उसका ध्यान भी नहीं रखती थी। वह पत्नी के हाथ का खाना नहीं खाता था, लेकिन वह उसे जबरन खिलाने की कोशिश करती थी।
वह दो बार उसे मरवाने की भी कोशिश कर चुकी थी। उसे नहीं मारता तो वह मुझे मरवा देती। सास पर हमला इसलिए किया, क्योंकि वह बेटी का सपोर्ट करती थी। सतेंद्र ने बताया कि उसने इंजीनियरिंग कालेज में भी पढ़ाया है और हाल ही में बीटीसी की है।
यू ट्यूब से सीखा तमंचा और पिस्टल बनाना
सतेंद्र ने बताया कि उसने यू ट्यूब पर देखकर पिस्टल और तमंचा बनाना सीखा। इसके बाद वह तमंचे और पिस्टल बनाने के लिए सामान अलग अलग स्थानों से खरीदकर लाया और हथियार बनाए। उसने एक दोस्त के माध्यम कारतूस खरीदे और खुद से बनाए हुए असलहों से ही वारदात की।