गाजियाबाद। स्वर्णजयंतीपुरम में दिनदहाड़े जिला उद्योग केंद्र के रिटायर्ड पीए के घर से महज 30 मिनट में 17 लाख की ज्वैलरी-कैश चोरी कर लिया गया है। इस संबंध में कविनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। मेड या किसी करीबी पर संदेह जताया जा रहा है।
जिला उद्योग केंद्र में पर्सनल असिस्टेंट (पीए) से रिटायर्ड लखीराम डी-61 स्वर्णजयंतीपुरम में परिवार के साथ रहते हैं। वह आरडीसी में एक रेस्तरां चलाते हैं। उन्होंने बताया कि सोमवार दोपहर वह बेटे के साथ रेस्तरां पर थे।
उनकी पत्नी रूपवती और दोनों बेटियां सुषमा व चित्रा दोपहर 1:45 बजे डासना में फ्लैट देखने गई थीं, जो वहां से आधे घंटे बाद 2:15 बजे लौटीं। उन्होंने देखा कि मेन गेट, अंदर का दरवाजा और कमरे में रखी दो अलमारियों के लॉक टूटे हुए थे।
घर का सामान फैला था। करीब 14 लाख की सोने-चांदी की ज्वैलरी, 10 घड़ियां, तीन डीएसएलआर कैमरे, 60 हजार रुपये समेत तीन लाख का सामान गायब था। उनकी बेटी ने 100 नंबर पर कॉल कर पुलिस को सूचना दी।
कविनगर पुलिस फोरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंची और छानबीन की। इस संबंध में देर रात रिपोर्ट दर्ज कराई गई। कविनगर एसएचओ हेमंत राय ने बताया कि फोरेंसिक टीम फिंगर प्रिंट लेकर चोरों की तलाश कर रही है।
चोरी में किसी करीबी और घर में काम करने वाली मेड पर शक है। उन्होंने बताया कि चोर घर में घुसने के बाद सिर्फ एक कमरे में गए, जहां उन्होंने ताले तोड़ कर चोरी की। इसके अलावा चोरी के बाद मेड भी घर नहीं आई है, उसका मोबाइल भी बंद है।
बेटी की शादी के लिए रखी ज्वैलरी ले गए चोर
लखीराम ने बताया कि वह अगले साल छोटी बेटी चित्रा की शादी करने की तैयारी कर रहे थे, जो प्राइवेट स्कूल में टीचर हैं। उन्होंने काफी ज्वैलरी भी खरीद ली थी। साथ ही उनकी बड़ी बेटी सुषमा सरकारी टीचर हैं। शादी के बाद वह उनके घर के पास ही किराए के मकान में रहती हैं। उन्होंने भी अपनी ज्वैलरी उनके पास ही रखी हुई थी। चोर उनकी दोनों बेटियों की ज्वैलरी ले गए हैं।
किराएदार की ज्वैलरी बच गई
इनके मकान में प्रथम तल पर एक परिवार किराए पर रहता है। वह भी घर पर नहीं थे। संदेह है कि चोरों ने उनके कमरे में भी वारदात की कोशिश की हो, लेकिन परिवार के जल्दी लौट आने के कारण चोरी नहीं कर पाए हों।