फ्लैट में लगी आग, दम घुटने से बुजुर्ग की मौत
लोनी। डीएलएफ अंकुर विहार कालोनी में बृहस्पतिवार सुबह अचानक एक फ्लैट में आग लग गई। झुलसने और दम घुटने से रेलवे के रिटायर्ड अधिकारी की मौत हो गई। आग से घर का सारा सामान जल गया। बचाव कार्य के दौरान सिलेंडर फटने से आग और भीषण हो गई। सूचना पर पहुंचे दमकल कर्मियों ने दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। पुलिस शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। आग लगने के कारणों का पता नहीं चला है।
डीएलएफ अंकुर विहार कालोनी स्थित फ्लैट नंबर एम-99 एसएफ-2 में मुरली मनोहर प्रसाद सिन्हा (67) बेटे आसित सिन्हा के साथ रहते थे। वह रेलवे के रिटायर्ड थे। आसित एक अंग्रेजी अखबार में दिल्ली में काम करते हैं। उनकी पत्नी मिनाक्षी कुछ दिनों से दोनों बच्चों को लेकर मायके गई हुई थीं। बृहस्पतिवार सुबह आसित काम पर गए थे। घर पर मुरली मनोहर प्रसाद अकेले थे। सुबह करीब 11 बजे उनके फ्लैट से धुआं उठता देखकर पड़ोस में रहने वाली महिला ने शोर मचाकर लोगों को एकत्र किया। तीन मंजिला बिल्डिंग के दूसरे फ्लोर स्थित उनके फ्लैट का दरवाजा खुला हुआ था। लोगों ने पानी डालकर आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। लोगों ने 11:55 बजे सूचना पुलिस और दमकल कर्मियों को दी। कुछ ही देर में मौके पर पहुंचे दमकल कर्मियों ने आग बुझाने का प्रयास किया। इसी बीच घर में रखा सिलेंडर तेज धमाके के साथ फट गया। सूचना पर उनका बेटा वहां पहुंचा और उसने पिता के घर के अंदर होने की जानकारी दी। दमकल कर्मियों ने उन्हें बाथरूम से निकाला। उनका बायां हाथ जला हुुुआ था। बाल्टी में पानी चल रहा था। लोनी एसएचओ उमेश पांडेय ने बताया कि जब उन्हें बाथरूम से निकाला गया, तब तक उनकी जान जा चुकी थी। अंदेशा है कि दम घुटने से उनकी मौत हुई होगी। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही मौत के सही कारणों का पता चलेगा। एफएसओ भीष्म सिंह ने बताया कि करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है।
नीचे के फ्लैट की बालकनी में रखा सामान जला
बिल्डिंग के प्रथम तल पर अधिवक्ता सुधा शुक्ला और उनका बेटा रहते हैं। दूसरे फ्लोर पर लगी आग की लपटें उनके फ्लैट की बालकनी तक पहुंच गईं। उन्होंने बताया कि इस दौरान बालकनी में रखा पेेंट और अन्य सामान जल गया।
बिल्डिंग में आग बुझाने के इंतजाम नहीं
घटना के बाद लोगों ने बिल्डिंग में सुरक्षा के इंतजाम न होने का आरोप लगाया है। लोगों ने बताया कि फ्लैट में बालकनी के नाम पर कुछ जगह छोड़ दी है। वहां से हवा आने का भी रास्ता नहीं है। फ्लैट में आग लगने पर सायरन और आग बुझाने के लिए फायर सिस्टम भी नहीं लगा है। आरोप है कि बिल्डिंग ऑनर ने जीडीए से सांठगांठ कर एनओसी ले ली है।