हमले में पिता की मौत, बेटा घायल
गाजियाबाद। सिहानी गेट थाना क्षेत्र के गांव मोरटी में शुक्रवार रात पड़ोस में रहने वाले हमलावरों ने बाप-बेटे को चाकू से गोद दिया, जिससे पिता की मौके पर ही मौत हो गई। गंभीर हालत में बेटे को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। जहां उसका इलाज चल रहा है। पुलिस ने मामले में पांच लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। पुलिस एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
सिहानी गेट थाना क्षेत्र के मोरटी गांव निवासी रेशमपाल नगर निगम में पंप चालक के पद से सेवानिवृत्त हैं। उन्होंने बताया कि वह शुक्रवार रात घर के बाहर कुर्सी पर बैठे हुए थे, तभी वहां से एक मिस्त्री गुजरा। उन्होंने उससे दही की रई मांगी। वह रई वर्तमान अशोक के पास थी। मिस्त्री ने अशोक को बताया तो वह आग बबूला हो गया। रेशमपाल से झगड़ा बढ़ने पर अशोक ने अपने भाई हरिओम व बेटे शिवम को बुला लिया। वह चाकू लेकर आ गए। अशोक ने पहले रेशमपाल के मुंह पर सिर मारा। उन्हें घायल कर दिया। रेशमपाल को बचाने के लिए आए बेटे रवि शर्मा पर हरिओम और शिवम ने चाकू से हमला कर दिया। आरोपी तब तक चाकुओं से वार करते रहे, जब तक रवि की मौत नहीं हो गई। इसी दौरान रवि का बेटा दीपक अपने पिता को बचाने आया तो आरोपियों ने उस पर भी हमला कर दिया। सबसे छोटे बेटे मोहित को भी मारने का प्रयास किया, लेकिन वह दादी को बुलाने के लिए घर में भाग गया। इसलिए उसकी जान बच गई। आरोपी अशोक त्यागी, उसकी पत्नी मंजू, भाई हरिओम, बेटा शिवम व एक नौकर हत्या करने के बाद फरार हैं। रेशमपाल की तहरीर के आधार पर सिहानी गेट थाना पुलिस ने हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली है। सिहानीगेट थाना प्रभारी संजय पांडेय ने बताया कि चार नामजद व एक अज्ञात समेत पांच के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। आरोपी शिवम को गिरफ्तार कर लिया गया है।
20 दिन पहले चढ़ा था पैर पर प्लास्टर
रवि शर्मा शास्त्रीनगर बिजलीघर पर ठेकेदार की तरफ से लाइनमैन का काम करते थे। परिजनों ने बताया कि करीब 20 दिन पहले वह लाइन ठीक करने के दौरान खंभे से गिर गए थे, जिससे उनके पैर में फैक्चर हो गया था। तभी से प्लास्टर चढ़ा हुआ था। बताया गया कि आरोपी अशोक त्यागी ने रेशमपाल पर हमला किया तो रवि किसी तरह उनके पास पहुंचा और विरोध किया तो बेवश रवि पर चाकू से हमला कर दिया। परिजनों का कहना है कि अगर रवि के पैर पर प्लास्टर नहीं चढ़ा होता तो वह उनके काबू में नहीं आता। उन्होंने योजना के तहत घटना को अंजाम दिया है।
100 नंबर पर की कॉल नहीं मिली
जब आरोपी घटना को अंजाम दे रहे थे, तब मृतक की पत्नी ममता ने 100 नंबर कई बार डायल किया, लेकिन नंबर नहीं मिला। घटना के समय 100 नंबर मिल जाता तो आरोपियों को आसानी से पकड़ा जा सकता था। मृतक के परिजनों का कहना है कि आरोपी शराब के नशे में था।
गाली देने का विरोध करना पड़ा महंगा
रेशमपाल ने बताया कि मिस्त्री से दही की रई के बारे में पूछा था। इसी बात पर वह आक्रोशित हो गया और घर के बार गालीगलौंज करने लगा। अशोक को गाली देने का विरोध किया तो उसने हमला बोल दिया। कहा कि हमारे घर में बहन, बेटी हैं, अपने घर जाकर गाली दी। यहीं से लड़ाई शुरू हो गई।
एक घंटे पहले आरोपी रवि के घर पीकर गया था चाय
अशोक त्यागी हत्या करने से एक घंटे पहले चाय बनवाकर पीकर गया था। रेशमपाल ने बताया कि अशोक से परिवार जैसे संबंध थे। वह और उसकी पत्नी आए दिन घर पर आते थे। बताया कि रवि की पत्नी ममता आरोपी के पौत्र-पौत्री को ट्यूशन पढ़ाती थी। इसके बाद भी उन्होंने इस तरह की घटना को अंजाम दिया। पहले कभी उनसे लड़ाई नहीं हुई। बताया कि पीड़ित का घर और आरोपी का घेर आमने-सामने हैं।