आरपीएफ बैरक की निर्माणाधीन दीवार गिरने से दो हैड कांस्टेबल घायल
गाजियाबाद। कोट गांव फाटक के पास आरपीएफ बैरक की लगभग 50 मीटर लंबी दीवार गिरने से दो हैड कांस्टेबल घायल हो गए। गंभीर हालत में उन्हें एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां दोनों का उपचार चल रहा है। दोनों आरपीएफ बैरक की मैश से खाना लेने के लिए गए थे। बाहर निकलते समय हादसा हो गया। गनीमत रही कि कोई दीवार गिरने के दौरान नीचे नहीं खड़ा हुआ था।
आरपीएफ के हैड कांस्टेबल यशवीर सिंह निवासी चित्सौना अल्लीपुर बीबीनगर, हैड कांस्टेबल सतेंद्र सिंह निवासी सेगाजगतपुर बीबीनगर जनपद बुलंदशहर शनिवार सुबह करीब नौ बजे कोटगांव फाटक के पास आरपीएफ बैरक मैश से भोजन लेने के लिए गए थे। भोजन लेने के बाद दोनों जनवरी माह के भोजन का हिसाब करने लगे। बैरक के ऊपर दूसरी मंजिल पर निर्माण कार्य चल रहा है। पांच हॉल तैयार किया जा रहा हैं। इनकी करीब 50 मीटर लंबी और करीब 10 फीट ऊंची दीवार अचानक से भरभराकर गिर पड़ी। इसमें दबकर हैड कांस्टेबल यशवीर सिंह के पैर दब गए जबकि सतेंद्र सिंह के सिर पर चोट लगी। दोनों को गंभीर हालत में निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। आरपीएफ अधिकारियों के अनुसार दोनों खतरे से बाहर हैं। घटना के बाद आरपीएफ के डीआईजी पंकज गंगवार, सीनियर डीएससी शशि कुमार ने दौरा किया। बैरक इंचार्ज राजेश कौशिक ने बताया कि दोनों मैश में भोजन करने के लिए आए थे। जाते समय दोनों दीवार की चपेट में आकर घायल हो गए। दोनों का उपचार चल रहा है।
दीवार गिरते ही मची अफरा-तफरी
- आरपीएफ बैरक की निर्माणाधीन दीवार गिरते ही वहां अफरा-तफरी मच गई। रास्ते से गुजर रहे लोग भी भागने दौड़ने लगे। चीख पुकार की आवाजें आने लगीं। मजदूर भी जान बचाकर भागने लगे।