फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ghaziabad News: मनमाने तरीके से एओए बनाने की शिकायत, डिप्टी रजिस्ट्रार से की जांच की मांग

विज्ञापन
विज्ञापन
गाजियाबाद। हम-तुम रोड स्थित महक जीवन सोसायटी में एओए पदाधिकारी, बिल्डर और मनमाने तरीके से एओए बनाने की शिकायत करने वाला पक्ष आमने-सामने आ गए हैं। तीनों ने एक-दूसरे पर गंभीर आरोप लगाए हैं। डिप्टी रजिस्ट्रार ने इसे आपसी विवाद का मामला बताकर जांच कराने की बात कही है।
विज्ञापन

शिकायतकर्ता मुरारीलाल शर्मा का कहना है कि सोसायटी के सदस्यों ने उत्पन्न समस्याओं के निस्तारण और हितों के काम के लिए मार्च 2025 में एक्शन प्लान कमेटी बनाई। निवासियों ने मिलकर दिसंबर में एक आम सभा का आयोजन रखा। इसमें बिल्डर की मनमानी के खिलाफ आवाज उठाई गई। बाद में सूचना मिली कि बिल्डर ने एओए बनवा दी है और कुछ पदाधिकारियों के साइन फर्जी मिले। इसमें उपाध्यक्ष अनीता शर्मा भी शामिल हैं।
मुरारीलाल शर्मा का कहना है कि एओए का गठन फर्जी तरीके से किया गया है। उन्होंने डिप्टी रजिस्ट्रार को पत्र लिखकर जांच कराने की मांग की है।
इस संबंध में एओए अध्यक्ष विपिन तोमर का कहना है कि एसोसिएशन में आठ सदस्य हैं। सात हर बैठक में आते हैं। शिकायतकर्ता मुरारीलाल शर्मा की पत्नी और उपाध्यक्ष अनीता शर्मा किसी बैठक में नहीं आतीं। जब कारण बताओ नोटिस जारी किया गया तो फर्जी हस्ताक्षर की झूठी कहानी गढ़ी जा रही है। पहली एसोसिएशन का चुनाव निर्विरोध हुआ था। छह दिसंबर 2025 को यह पंजीकृत हो चुकी है। अब तक कोई शिकायत क्यों नहीं की। हम बिल्डर से हैंडओवर लेने के प्रयास में हैं और कुछ लोग गंदी राजनीति कर रहे हैं। हमारे यहां विकास कार्य रुके हुए हैं। एसटीपी का सारा गंदा पानी पास के खाली प्लॉट में जमा हो रहा है। इससे मक्खी, मच्छर बीमारियां फैल रही हैं। काम न होने से हम बिल्डर से परेशान हैं।
विज्ञापन

बयान
हम हैंडओवर देने के लिए तैयार हैं। प्रक्रिया चल रही है। सोसायटीवासियों पर मरम्मत शुल्क 28 लाख रुपये बकाया है। एक मई को यह 40 लाख हो जाएगा। कहने के बाद भी कोई शुल्क नहीं दे रहा। झूठे आरोपों पर हम अवमानना का केस दायर करेंगे।
अभिषेक मल्होत्रा, बिल्डर, महक जीवन सोसायटी

काम नहीं हो रहा है, इसलिए हम शुल्क नहीं दे रहे हैं। हैंडओवर के बाद हम खुद काम कराएंगे। 15 अप्रैल को इस संबंध में बैठक है। हमारे आईएफएमएस के 75 लाख रुपये बिल्डर के पास जमा हैं। जरूरत पर उससे बकाया पैसे काटे जा सकते हैं।
विज्ञापन

विपिन तोमर, एओए अध्यक्ष, महक जीवन सोसायटी
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें