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गाजियाबाद में नाबालिग से दुष्कर्म: पुलिस ने नहीं सुनी थी फरियाद, अब कोर्ट के आदेश पर छह वर्ष बाद मुकदमा दर्ज

Thu, 27 Aug 2026 08:15 PM IST
Digvijay Singh अमर उजाला नेटवर्क, गाजियाबाद

सार

गाजियाबाद के मसूरी थाना क्षेत्र की एक कालोनी में शादी का झांसा देकर एक नाबालिगा से दुष्कर्म करने और लगातार शारीरिक व मानसिक प्रताड़ना देने का मामला सामने आया है। पीड़िता ने पुलिस से कोई कार्रवाई न होने पर पॉक्सो एक्ट के तहत विशेष न्यायालय में न्याय की गुहार लगाई है। 
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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गाजियाबाद के मसूरी थाना क्षेत्र की एक कालोनी में शादी का झांसा देकर एक नाबालिगा से दुष्कर्म करने और लगातार शारीरिक व मानसिक प्रताड़ना देने का मामला सामने आया है। पीड़िता ने पुलिस से कोई कार्रवाई न होने पर पॉक्सो एक्ट के तहत विशेष न्यायालय में न्याय की गुहार लगाई है। 

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दस्तावेजों के अनुसार, मसूरी निवासी पीड़िता (वर्तमान आयु 21 वर्ष) ने न्यायालय में दिए अपने आवेदन में बताया कि जनवरी 2021 में जब वह मोबाइल रिचार्ज कराने आरोपी की दुकान पर गई थी, तब आरोपी चांद पुत्र नन्हें उर्फ शराफत ने उसका नंबर हासिल कर लिया। इसके बाद आरोपी ने उसे फोन करके परेशान करने लगा और स्कूल आते-जाते समय रास्ता रोककर दोस्ती करने का दबाव बनाना शुरू कर दिया। 

पीड़िता का आरोप है कि आरोपी चांद उसे अपने दोस्त साद के घर ले गया और नाबालिग अवस्था में उसके साथ जबरन दुष्कर्म किया तथा विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी। पीड़िता ने जब प्रताड़ना से तंग आकर जान देने की कोशिश की, तो आरोपी ने 24 जुलाई 2021 को बहला-फुसलाकर उससे कागजों पर हस्ताक्षर करवा लिए और खुद को उसका पति बताने लगा। 
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उस समय पीड़िता की उम्र महज 16 वर्ष 2 महीने थी। आरोप है कि इसके बाद भी आरोपी ने उसे अपने साथ नहीं रखा और करीब 6 महीने तक उसका यौन शोषण करता रहा। पीड़िता का कहना है कि उसने 23 मई 2026 को पुलिस आयुक्त गाजियाबाद और जन सुनवाई पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। पुलिस से मदद न मिलने पर पीड़िता ने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। एसीपी मसूरी सुनील कुमार ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर आरोपी चांद के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है, जांच-पड़ताल करके वैधानिक कार्रवाई की जायेगी।

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