ड्यूटी के लिए निकले थे दोनों
एसीपी नंदग्राम उपासना पांडे ने बताया कि दिल्ली गेट के बोंजा गली में रहने वाले प्रभाकर भारद्वाज आरकेजीटी कॉलेज में साइट सुपरवाइजर हैं और इसी कॉलेज में उनकी बेटी महिमा भारद्वाज लैब टैक्निशियन है। बताया कि मंगलवार की सुबह नौ बजे दोनों स्कूटी पर सवार होकर कॉलेज में ड्यूटी के लिए निकले। जैसे ही दोनों फ्लाईओवर से नीचे उतरने लगे तो पीछे से अज्ञात बस ने उनकी स्कूटी में टक्कर मार दी।
पिता को आई हल्की चोट
स्कूटी अनियंत्रित होने से महिमा भारद्वाज सड़क पर गिर गई और डिवाइडर से सिर टकराने से गंभीर रूप से घायल हो गई। घायलावस्था में महिमा को संजय नगर स्थित यशोदा अस्पताल में ले जाया गया। जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। जबकि उनके पिता स्कूटी पर ही सवार रहे और हल्की चोट आई है।
पिता नहीं हो रहा बेटी की मौत पर यकीन
पीड़ित पिता ने बताया कि उन्हें अंदाजा भी नहीं था कि इतनी हल्की टक्कर लगने से उनकी बेटी की मौत हो जाएगी। पुलिस के अनुसार दोनों में से किसी ने भी हेलमेट नहीं पहना था। एसीपी ने बताया कि घटनास्थल की सीसीटीवी खंगाली जा रही हैं। बस और आरोपी चालक की जल्द पहचान कर ली जाएगी।
फ्लाईओवर से उतरते ही टर्न बना मुसीबत
गुलधर के नजदीक नमो भारत स्टेशन से पहले स्थित फ्लाईओवर से नीचे उतरते ही आरकेजीटी कॉलेज के लिए रास्ता है। अधिकांश वाहन चालक फ्लाईओवर से उतरते समय गति अधिक होने के चलते अचानक इस रास्ते में मुड जाते हैं। इससे पीछे आने वाले वाहन चालकों को अंदाजा भी नहीं हो पाता कि आगे मोड है। साइन और चेतावनी बोर्ड न होने से यहां हादसे अधिक होते हैं।