जीएसटी लागू होेने से पहले बाजार में छूट के ऑफर आ रहे हैं। कंपनियां अपना पुराना स्टॉक जून अंत तक बिक्री कर लेना चाहती है, क्योंकि अधिकांश को जीएसटी के बारे में स्थिति स्पष्ट नहीं है।जीएसटी एक जुलाई से लागू होने जा रहा है। जीएसटी के लगते ही देश में कर ढांचा एक समान हो जाएगा। विभिन्न कंपनियां जीएसटी से पहले ही अपना पुराना स्टॉक बेचना चाहती है।
यही वजह है कि बाजार में ऑफर की भरमार हो गई है। खासतौर से ऑटो सेक्टर, ज्वैलरी और कास्मेटिक व हेल्थ उत्पादों के लिए डिस्काउंट के मैसेज भेजे जा रहे हैं।
बोले ऑटो बाजार के विशेषज्ञ
टू व्हीलर कंपनी शोरूम शिवा ऑटो बजाज के जीएम सेल्स सतीश शर्मा ने बताया कि जीएसटी को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है। कंपनी अपना पुराना स्टॉक हैवी डिस्काउंट में बेच रही है। बाइक पर 1000 से 3500 रुपये तक की छूट दी जा रही है। यह छूट अगले माह नहीं होगी।
रोहन मोटर्स मारुति शोरूम के जीएस शिवदत्त ने बताया कि कंपनी ने प्लानिंग की है कि जो स्कीम इस माह है, वह अगले माह नहीं रहेगी। ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए वैगनआर पर 35 हजार, आल्टो पर 25 हजार और स्विफ्ट पर 20 हजार रुपये तक का डिस्काउंट दिया जा रहा है।
- ज्वैलरी पर डिस्काउंट
ज्वैलरी पर टैक्स तीन प्रतिशत लिया जाएगा जबकि वर्तमान में ब्रांडेड ज्वैलरी पर दो प्रतिशत टैक्स लिया जाता है। सराफा व्यापारी रवि वर्मा ने बताया कि सराफा व्यवसाय पहले से ही डाउन में जा रहा है। यदि टैक्स बढ़ा दिया जाता है तो सराफा व्यापारी बर्बाद हो जाएंगे। उधर, ज्वैलरी की ब्रांडेड कंपनियां ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए लेबर चार्ज को छूट दे रही है। ताकि ग्राहक ज्वैलरी खरीद सके।