गाजियाबाद। क्रॉसिंग रिपब्लिक की एसोटेक द नेस्ट अपार्टमेंट ओनर्स एसोसिएशन (एओए) का पंजीकरण रद्द कर दिया गया है। इसके बाद सोसायटी में जरूरी सेवाओं के लिए आर्थिक संकट उत्पन्न हो गया। जिलाधिकारी ने हस्तक्षेप करते हुए भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
उन्होंने बिजली, पानी, डीजल और कर्मचारियों के वेतन सहित अन्य आवश्यक भुगतानों के लिए तहसीलदार सदर को शुक्रवार को नामित किया है। यह कदम निवासी शिवम गहलोत के 10 सितंबर को दिए गए प्रार्थना पत्र के बाद उठाया गया। गहलोत ने जिलाधिकारी कार्यालय में आवश्यक सेवाओं को जारी रखने का अनुरोध किया था। अब नामित अधिकारी की देखरेख में भुगतानों की व्यवस्था की गई है। इसका उद्देश्य सोसायटी के निवासियों की बुनियादी सुविधाओं को सुरक्षित रखना है। एओए के खिलाफ सोसायटीज रजिस्ट्रेशन एक्ट 1860 की धारा 24 के तहत जांच होनी थी। हालांकि, एओए ने ऑडिटर को आवश्यक अभिलेख और दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए।
पंजीकरण रद्द होने का कारण और प्रभाव
एओए का पंजीकरण 22 अगस्त को निरस्त किया गया था। इसके बाद बैंक ने एओए का खाता फ्रीज कर दिया। इससे पैसे की निकासी पर रोक लग गई। डिप्टी रजिस्ट्रार निखलेख राजन ने बताया कि जांच में सहयोग न करने के कारण पंजीकरण रद्द किया गया है।