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Ghaziabad News: सूर्या हत्याकांड का मुख्य आरोपी असद पुलिस मुठभेड़ में ढेर

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खोड़ा में सूर्या के घर की गली में लगी लोगों की भीड़। अमर उजाला - फोटो : अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर मरीजों को देखते चिकित्सक।
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खोड़ा। 11वीं कक्षा के छात्र सूर्या प्रताप (17) की हत्या का मुख्य आरोपी असद (19) शनिवार देर रात पुलिस मुठभेड़ में मारा गया। इंदिरापुरम थाना पुलिस और आरोपी के बीच वसुंधरा-खोड़ा मार्ग पर हुई मुठभेड़ में आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग की। इसके जवाब में चली गोली से वह घायल हो गया।
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पुलिस के अनुसार, नजदीकी निजी अस्पताल ले जाने पर चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। वह गाजियाबाद से भागने की फिराक में था। इसके लिए अपने दोस्तों से रुपये लेने जा रहा था।
प्रभारी डीसीपी ट्रांस हिंडन धवल जायसवाल ने बताया कि असद पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था। शनिवार रात मुखबिर से सूचना मिली थी कि वह खोड़ा आने वाला है। इसके बाद सभी प्रमुख मार्गों पर बैरिकेडिंग कर चेकिंग शुरू की गई।
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देर रात करीब दो बजे वसुंधरा की ओर से आ रहे एक संदिग्ध बाइक सवार को रोकने का प्रयास किया गया, लेकिन उसने पुलिस पर फायरिंग करते हुए भागने की कोशिश की। पीछा करने के दौरान भी उसने कई राउंड फायर किए। जवाबी कार्रवाई में वह ढेर हो गया। उसकी पहचान असद के रूप में हुई। मुठभेड़ में सिपाही अनुराग रावत भी घायल हुए, जिनका निजी अस्पताल में उपचार चल रहा है।

पुलिस का कहना है कि आरोपी के कब्जे से देशी पिस्टल, कारतूस और दिल्ली से चोरी बाइक बरामद की गई है। असद का पिता जेल में है, जबकि मां, भाई और भाभी घर छोड़कर चले गए हैं। पुलिस उनसे संपर्क करने का प्रयास कर रही है।

पिता ने हत्या के लिए उकसाया, दोस्त ने दिया चाकू

पुलिस ने शनिवार को ही असद के पिता नवाब और दो दोस्तों फरहान व आतिफ को गिरफ्तार कर लिया था। रविवार को अदालत में पेश करने के बाद तीनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। एसीपी इंदिरापुरम अभिषेक श्रीवास्तव के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ में हत्या की साजिश से जुड़े नए तथ्य सामने आए हैं। आरोपी फरहान ने बताया है कि 28 मई को बाइक चलाने को लेकर असद और सूर्या के बीच विवाद हुआ था। इसके बाद असद ने अपने पिता और दोस्तों को घटना की जानकारी दी। आरोप है कि योजना बनाकर सूर्या को बुलाया गया। नवाब ने बेटे को हत्या के लिए उकसाया था, जबकि फरहान ने वारदात के लिए चाकू उपलब्ध कराया। इसके बाद असद ने सूर्या के सीने में चाकू से ताबड़तोड़ वार कर दिए।
बुलंदशहर से पहुंचे असद के चाचा

वारदात के बाद से असद का परिवार घर पर नहीं है। उसके पिता खोड़ा के नवनीत विहार स्थित मदरसा वाली गली में दूसरी पत्नी के साथ किराये के मकान में रहते थे। करीब छह माह पहले गली नंबर दो स्थित मकान को बेचकर किराये के मकान में रहने गए थे। असद के भाई-भाभी खोड़ा में ही अलग मकान में किराये पर रहते हैं। पोस्टमार्टम के बाद असद का शव परिवार वालों को सौंपा जाना है। पुलिस के पास परिजनों का कोई सुराग नहीं है। ऐसे में बुलंदशहर निवासी असद के चाचा शाबुद्दीन को सूचना दी गई। रविवार दोपहर करीब दो बजे शाबुद्दीन पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। उन्होंने पुलिस से कहा कि शव को टीएचए में ही दफन कराने की व्यवस्था कराई जाए।
28 मई को हुई थी वारदात, शनिवार को 10 घंटे हंगामा
खोड़ा के नवनीत विहार निवासी सूर्या को 28 मई को बकरीद के मौके पर कुर्बानी दिखाने के बहाने असद ने बुलाया था। आरोप है कि उसी दौरान उसने चाकू घोंपकर उसको लहूलुहान कर दिया। अगले दिन एक निजी अस्पताल में उपचार के दौरान सूर्या ने दम तोड़ दिया था। इससे क्षेत्र में तनाव फैल गया था। शनिवार को सूर्या के अंतिम संस्कार से पहले करीब 10 घंटे तक तनाव और हंगामा चलता रहा था। दोपहर लगभग 1:30 बजे शव घर पहुंचते ही पूरा क्षेत्र पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया था। कफन में लिपटा हुआ सूर्या का शव घर लाया गया तो मां सरोज ठाकुर बेटे के हत्यारों का एनकाउंटर करने की मांग करते-करते बेसुध हो गई थीं। परिवार व स्थानीय लोगों ने अंतिम संस्कार करने से इन्कार कर दिया था। वह भी आरोपियों के एनकाउंटर, घर पर बुलडोजर चलाने और सख्त कार्रवाई की मांग पर अड़ गए थे। करीब चार घंटे तक चली बातचीत के बाद प्रशासन के आश्वासन पर सहमति बनी थी। इसके कुछ घंटे बाद ही पुलिस ने मुख्य आरोपी को मार गिराया।

खोड़ा में सूर्या के घर की गली में लगी लोगों की भीड़। अमर उजाला- फोटो : अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर मरीजों को देखते चिकित्सक।

खोड़ा में सूर्या के घर की गली में लगी लोगों की भीड़। अमर उजाला- फोटो : अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर मरीजों को देखते चिकित्सक।

खोड़ा में सूर्या के घर की गली में लगी लोगों की भीड़। अमर उजाला- फोटो : अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर मरीजों को देखते चिकित्सक।

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