शव खंडहर में फेंका, महिला के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर डीएनए जांच के लिए लिया गया सैंपल
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊंचागांव (बुलंदशहर)। क्षेत्र के गांव में एक महिला पर अपने ही नवजात की हत्या करने का आरोप लगा है। आरोप है कि उसने नवजात के शव को खंडहर में एक छोटा गड्ढा खोदकर दबा दिया। बाद में कुत्तों ने शव को बाहर निकालकर क्षत-विक्षत कर दिया, जिससे मामला सबके सामने आ गया।
ग्रामीणों ने शव को दोबारा गड्ढा खोदकर दबा दिया, लेकिन बाद में जेठानी की शिकायत पर पहुंची पुलिस ने शव को बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। साथ ही महिला के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर नवजात के शव का डीएनए सैंपल जांच के लिए लिया है। गांव निवासी लोगों ने बताया कि दो जुलाई को उन्होंने खंडहर के पास एक नवजात का शव पड़ा देखा था। इसके बाद कुछ लोगों ने शव को वहीं गड्ढा खोदकर दोबारा दबा दिया था।
कुछ दिनों बाद मामले की चर्चा गांव में फैली तो एक महिला का नाम सामने आया। इसके बाद ग्रामीणों ने नोएडा में रह रही उसकी जेठानी को इस घटना की सूचना दी। शनिवार को जेठानी अपने पति के साथ गांव पहुंची।
महिला की जेठानी की सूचना पर पुलिस पहुंची और गड्ढा खोदवाकर शव को बाहर निकाला। जेठानी ने आरोप लगाया कि उसकी देवरानी ने अपने नवजात की हत्या कर शव को फेंका है। इसी आधार पर पुलिस ने महिला के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली। जेठानी का आरोप है कि उनकी देवरानी ने नवजात की हत्या के बाद एक जुलाई को दिनभर शव घर में ही रखा हुआ था।
आरोपी महिला ने पुलिस को बताया कि उसने मृत बच्चे को जन्म दिया था, जिसके बाद उसे घर के बराबर में खंडहर घर में दफना दिया था। महिला का कहना है कि अगर उसे बच्चा मारना होता तो वह गर्भपात भी करा सकती थी।
महिला के पति की आठ साल पहले हो चुकी मौत
आरोपी महिला की जेठानी ने बताया कि उनकी देवरानी के पति की करीब आठ साल पहले कैंसर से मौत हो गई थी। वह गांव में रहकर मेहनत-मजदूरी करते थे। पति की मृत्यु के बाद उनकी देवरानी अपनी बेटी के साथ रह रही थी, जबकि उसका बेटा ननिहाल में रहता है। जेठानी का आरोप है कि करीब दो साल पहले सास की मौत के बाद देवरानी के मोहल्ले के ही एक युवक से संबंध हो गए थे। हालांकि, पुलिस इन आरोपों की भी जांच कर रही है और अभी किसी निष्कर्ष पर नहीं
पहुंची है।
वर्जन
जेठानी की शिकायत पर आरोपी महिला के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। प्रसव कराने वाली दाई के बारे में भी पूछताछ की जा रही है। — रामकरन सिंह, सीओ स्याना