आयकर विभाग द्वारा विभोर वैभव इंफ्रा होम प्राइवेट लिमिटेड (वीवीआईपी) के राजनगर एक्सटेंशन स्थित साइट के साथ अन्य जगहों पर सर्च शुक्रवार को भी जारी रही। हालांकि आयकर विभाग ने कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है।
दूसरी ओर वीवीआईपी के सीएमडी का कहना है कि कंपनी की तिमाही बैलेंस शीट सितंबर में ही जमा कर दी गई है, फिर क्याें सर्च अभियान चलाया, यह समझ से परे है। वैसे कंपनी के सभी अधिकारी और कर्मचारी आयकर अधिकारियों को जांच में सहयोग दे रहे हैं।
आयकर विभाग की टीम ने बृहस्पतिवार को वीवीआईपी ग्रुप के यहां सर्च शुरू की थी। सूत्रों के मुताबिक बृहस्पतिवार सुबह करीब नौ बजे टीमें एक साथ ग्रुप के सीएमडी के घर और दफ्तर पर पहुंचीं।
टीमों ने सभी महत्वपूर्ण दस्तावेज, कंप्यूटर हार्ड डिस्क के साथ अन्य दस्तावेज अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। राजनगर एक्सटेंशन स्थित ग्रुप के ऑफिस से किसी भी कर्मचारियों को बाहर नहीं आने दिया गया।
बाहर प्राइवेट सिक्योरिटी गार्ड के साथ पुलिस कर्मी मौजूद रहे। अगले दिन शुक्रवार को घर से तो टीमें चली गईं, पर राजनगर एक्सटेंशन के ऑफिस पर देर शाम तक टीमों ने डेरा डाले रखा।
उधर, वीवीआईपी ग्रुप के सीएमडी प्रवीन त्यागी का कहना है कि कंपनी के अंदर पारदर्शिता है। इसलिए तिमाही बैलेंस शीट और टैक्स नियम अनुसार सितंबर में ही जमा करा दिया गया। सर्च क्यों की जा रही है, पता नहीं। उन्होंने दावा किया कि अभी तक आयकर अधिकारियों को एक भी डॉक्यूमेंट नहीं मिला है, जिससे पता चले कि टैक्स चोरी की गई है।