मोदीनगर। मर्चेंट नेवी में नौकरी लगवाने के नाम पर एक युवक से 20 लाख रुपये ठगने का मामला सामने आया है। शातिरों ने पहले टूरिस्ट वीजा पर युवक को विदेश भेजा और विदेश में पुलिस से बचाने के नाम पर रुपये ऐंठे। पुलिस ने पीड़ित की बहन की तहरीर पर सात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पतला निवासी युवती आशु नरेश ने बताया कि काफी समय पहले मेरे जीजा ने मेरी मुलाकात अपने बहनोई के दूर के रिश्तेदार जोगेंद्र सिंह निवासी मेरठ से कराई थी। जोगेंद्र सिंह ने कहा कि वह उसके भाई की विदेश में मर्चेंट नेवी में नौकरी लगवा देगा। जिसमें करीब 15 लाख रुपये का खर्चा आएगा। इसके बाद युवती ने अपने भाई देव चौधरी की नौकरी लगवाने की बात कह दी। युवती ने बताया कि हमसे कहा कि गया कि पासपोर्ट, वीजा सब हम तैयार कराएंगे। उन्होंने 25 जनवरी 2023 को पासपोर्ट दिया। इसके अलावा नेवीगेटर मेडिकल क्लीनिक पर ट्रेनिंग कराई गई और प्रमाण पत्र भी दिया गया। इसके बाद देव पर फोन आया कि वीजा में दिक्कत हो रही और आठ लाख रुपये लगेंगे। युवती ने पौने तीन लाख रुपए नकद गाजियाबाद जाकर दिए। 15 मई 2023 को देव चौधरी को दुबई भेज दिया। एसीपी मोदीनगर ज्ञानप्रकाश राय ने बताया कि जोगेंद्र सिंह निवासी गांव भावा नगला मेरठ, निशांत, सुधा सिंह निवासी सैनिक विहार कॉलोनी कंकरखेड़ा मेरठ, आकाश राणा, विकास राणा निवासी गांव पट्टी धनौर जिला बागपत, प्रधानाचार्य नेवीमेंटर मैरीन मेडिकल क्लीनिक निवासी पढौली फतेहपुर सीकरी व सौरभ मुरादाबाद के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।