शांति नगर की जमीन पर निगम ने किया दावा, महिलाओं में आक्रोश
गाजियाबाद। नंदग्राम डी-ब्लॉक आश्रम रोड और राजनगर एक्सटेंशन के बीच बसी शांति नगर फ्री-होल्ड कॉलोनी में सरकारी जमीन पर बने मकानों को तोड़ने की तैयारी हो चुकी है। नगर निगम ने यहां लाल निशान लगाए तो कॉलोनी के लोगों का गुस्सा भड़क गया। इसके विरोध में कॉलोनी की महिलाएं सोमवार को पार्षद माया देवी के नेतृत्व में नगर निगम और कलक्ट्रेट पहुंचीं। उन्होंने नगरायुक्त और डीएम को ज्ञापन देकर मकान न ढहाए जाने की मांग की।
निगम पार्षद माया देवी का कहना है कि शांति नगर फ्री-होल्ड कॉलोनी 1999 से 2001 के बीच खसरा नंबर- 48, 49, 50, 51 और 51/1 में बसी है। तभी से लोग यहां रह रहे हैं। नगर निगम ने इस कॉलोनी में इंटरलाकिंग टाइल्स, पानी की लाइन बिछाई। यहां के लोग नगर निगम को हाउस टैक्स भी दे रहे हैं। लोगों के नाम यहां रजिस्ट्री भी हैं और दाखिल-खारिज भी है। जमीन के मालिक बाबूदीन, खीम चंद त्यागी, राजाराम त्यागी, लीलावती की ओर से रजिस्ट्री की गई है। नगर निगम इसे सरकारी जमीन बताकर मकान तोड़ना चाहता है। उनका कहना है कि निगम ने करीब 100 से ज्यादा मकानों पर पेंट से निशान बनाकर तोड़ने का अल्टीमेटम दिया है। उनका कहना है कि मकान टूटे तो 100 से ज्यादा परिवार बेघर हो जाएंगे। महिलाओं ने मकानों को न तोड़े जाने की मांग की है।