ऑस्कर जीतने वाली देश की दोनों बेटियों ने अमर उजाला से खास बातचीत की है। वीडियो कॉल पर एक साथ स्नेह और सुमन ने कहा कि उन्हें भारत की बेटी होने पर गर्व हो रहा है।
महिलाओं के जीवन से जुड़े जिस मुद्दे के लिए उन्होंने अपना संघर्ष शुरू किया था, वह अब हर देशवासी की जुबान पर है। स्नेह ने कहा कि उन्हें खुशी के मारे नींद भी नहीं आई। वह चाहती हैं कि अब कोई महिला सैनिटरी पैड का इस्तेमाल करने में शर्माएं नहीं।
सुमन और स्नेह ने कहा कि उन्हें खुशी है कि उनके गांव का नाम पूरी दुनिया में रोशन हुआ है। अलग-अलग माध्यमों से उन्हें बधाई मिल रही हैं, लेकिन उन्हें अभी भी इतनी बड़ी सफलता का यकीन नहीं हो रहा है।
आलम यह है कि ऑस्कर मिलने से पहली वाली रात को भी नींद नहीं आई थी और मिलने के बाद भी खुशी के मारे नींद नहीं आई। दोनों एक-दूसरे से बातें कर रहे हैं और अपनी खुशी को बांटने की कोशिश कर रहे हैं।
हम अभी भी ऐसे ही हैं
सुमन ने कहा कि उन्हें खुशी है कि लोग उनके साथ उतने ही खुश हैं। हम कोई सेलिब्रिटी नहीं बने हैं। हम दोनों वैसे ही हैं। देश वापस आकर फिर से अपने काम पर जुट जाएंगे, जिस मुहिम को लेकर आगे चले थे, उसे अभी बहुत आगे ले जाना है। हम पहले भी आम थे और अब भी वैसे ही रहेंगे। यह बात जरूर है कि यहां अमेरिका में ऑस्कर की चकाचौंध में सब-कुछ सपनों जैसा लग रहा है। यह सब कभी जीवन में सोचा नहीं था। हम तो बस पूरी लगन से अपने मिशन पर लगे हुए थे।
एआर रहमान के साथ फोटो खींचा
स्नेह ने बताया कि ऑस्कर सेरेमनी में उनके पास वाली सीट पर एआर रहमान बैठे हुए थे। मुझे देखकर वह भी खुश हुए। जब उनसे एक सेल्फी लेने की बात कही तो वह तैयार हो गए। स्नेह ने कहा कि रेड कारपेट पर चलने का एक-एक लम्हा अभी भी उनके दिलोदिमाग में घूम रहा है। एआर रहमान से मिलना भी बहुत अच्छा रहा।
देश लौटने का बेसब्री से इंतजार
दोनों ने बताया कि उन्हें देश लौटने का बेसब्री से इंतजार है। वह चाहती हैं कि अपने गांव में अपनी टीम और बाकी साथियों के साथ यह अनुभव साझा करें। उनकी इस सफलता में टीम के हर एक सदस्य का पूरा योगदान है। वह चाहती हैं कि अब उनकी टीम अधिक मेहनत कर सैनिटरी पैड बनाने के इस काम को खूब आगे ले जाए।