आरोप है कि चालक तरुण त्यागी ने कार रोकी और बाहर निकलकर प्रदीप पर हमला बोल दिया। तरुण व उसके 3-4 साथियों ने गाली-गलौज कर लात-घूंसो से पीटना शुरू कर दिया। हंगामा होते देख लोग जुट गए, लेकिन कोई भी सिपाही को बचाने नहीं आया।
आरोपियों ने प्रदीप का गला घोटने की कोशिश की और वर्दी फाड़ दी। घटना के बाद आरोपी फरार हो गए। सिहानीगेट थाना प्रभारी उमेश बहादुर सिंह ने बताया कि सरकारी काम में बाधा पहुंचाने, मारपीट करने और धमकी देने की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर तरुण त्यागी को गिरफ्तार कर लिया गया है। पहचान कर अन्य को भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
पुलिस पर यह पहला हमला नहीं है, जिले में लगातार हमले होते रहे हैं। पिछले दिनों नंदग्राम में पथराव करा दिया था। डासना क्षेत्र में दरोगा और सिपाही को पीटा था। विजयनगर थाना क्षेत्र में भी पुलिस पर पथराव कर दिया था।
कविनगर थाना क्षेत्र में बिल देने गए हेड कांस्टेबल पर पार्षद व उसके भाई ने हमला कर दिया था। इसके अलावा पुलिस के साथ छोटी बड़ी घटनाएं होती रही हैं। पुलिस ऐसी वारदातों को रोकने में नाकाम है।